Egypt Mummy: प्राचीन मिस्र की ममी आज भी आधुनिक विज्ञान के लिए रहस्य बनी हुई है। हाल ही में सेमेलवेइस विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों ने 2300 साल पुरानी ममी के अंगों का CT स्कैन और 3D इमेजिंग के जरिए अध्ययन किया। इस रिसर्च में कई ऐसे खुलासे हुए हैं, जो पहले कभी सामने नहीं आए थे।
100 साल तक स्टोर रूम में पड़ी रही ममी
यह ममी 1916 में मिली थी, लेकिन इसका विस्तृत अध्ययन कभी नहीं किया गया। यह लंबे समय तक इजिप्ट म्यूजियम काहिरा के स्टोर रूम में पड़ी रही। अब आधुनिक तकनीक से इसकी जांच की गई।
CT स्कैन से बिना खोले मिला अंदर का पूरा दृश्य
Computed Tomography (CT) स्कैन की मदद से वैज्ञानिकों ने बिना ममी की पट्टियां हटाए ही उसके अंदर की संरचना देख ली। इसमें हड्डियों की टूट-फूट, बीमारियों के संकेत और ममीकरण की परतों की जानकारी मिली।
खोपड़ी, हाथ-पैर और अंगों का हुआ विश्लेषण
शोध में दो खोपड़ियां, दो निचले अंग, एक हाथ और एक पैर का स्कैन किया गया। हाई-रिज़ॉल्यूशन इमेजिंग से इन सभी अंगों की स्पष्ट तस्वीर सामने आई।
पैर बना सबसे बड़ी खोज
सबसे अहम खोजों में एक पैर शामिल है, जो अभी भी पट्टियों में लिपटा हुआ था। स्कैन में पाया गया कि पैर के अंगूठे का हिस्सा गायब है। यह क्षति ममीकरण से पहले या बाद में हुई—इस पर अभी शोध जारी है।
पहले समझा गया था पक्षी का अंग
दिलचस्प बात यह है कि पहले इस पैर को किसी पक्षी का अंग माना जा रहा था, लेकिन नई तकनीक ने यह धारणा पूरी तरह गलत साबित कर दी।
हड्डियों में बीमारी के संकेत
शोध में कुछ हड्डियों में बीमारी के लक्षण भी मिले हैं। एक अंग में ऑस्टियोपोरोसिस के संकेत दिखाई दिए, जिससे हड्डियां कमजोर हो जाती हैं और फ्रैक्चर का खतरा बढ़ जाता है।
अलग-अलग उम्र के लोगों के अवशेष
विशेषज्ञों का मानना है कि ममी में अलग-अलग उम्र के व्यक्तियों के अंग शामिल हो सकते हैं। कुछ हड्डियां कम विकसित हैं, जिससे यह संकेत मिलता है कि वे किसी कम उम्र के व्यक्ति की हो सकती हैं।
अब भी कई सवाल बाकी
हाथ और अन्य अंगों की पहचान अभी पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो पाई है। वैज्ञानिक अब भी यह समझने की कोशिश कर रहे हैं कि ये अंग एक ही व्यक्ति के हैं या अलग-अलग लोगों के।
वैज्ञानिकों के लिए अब भी रहस्य
विशेषज्ञों का कहना है कि यह रिसर्च प्राचीन ममीकरण तकनीकों की नई समझ देता है, लेकिन अभी भी कई सवाल अनसुलझे हैं।