रामपुर में सड़क पर उतरी मौत, पल भर में उजड़ गई ज़िंदगी — नैनीताल हाईवे पर भूसे से लदे ट्रक ने बोलेरो को कुचला, चालक की दर्दनाक मौत
रामपुर की सड़क पर उतरी मौत, एक पल में उजड़ गई ज़िंदगी
रामपुर (उत्तर प्रदेश) की सड़कों पर एक बार फिर तेज़ रफ्तार, ओवरलोडिंग और लापरवाही ने इंसानी ज़िंदगी की कीमत वसूल ली। नैनीताल हाईवे पर रविवार की शाम जो मंजर सामने आया, उसने वहां से गुजरने वाले हर शख्स को सन्न कर दिया। एक ऐसा हादसा, जिसमें पल भर में ज़िंदगी खत्म हो गई, और पीछे रह गया सिर्फ चीख-पुकार, मलबा और सवाल।
28 दिसंबर की शाम, जब सड़क ने एक और जान ले ली
यह हादसा 28 दिसंबर 2025 की शाम उस वक्त हुआ, जब रोज़ की तरह सड़क पर वाहनों की आवाजाही थी। अचानक सड़क पर चल रही एक बोलेरो गाड़ी पर ऊपर से भूसे से लदा भारी ट्रक पलट गया। कुछ ही सेकंड में बोलेरो पूरी तरह दबी, कुचली और खत्म हो गई। गाड़ी चला रहे व्यक्ति को संभलने का मौका तक नहीं मिला और उसकी मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई।
नैनीताल हाईवे बना हादसों का गवाह, पहाड़ी गेट के पास हुआ कहर
हादसा रामपुर–नैनीताल राष्ट्रीय राजमार्ग पर पहाड़ी गेट के पास हुआ, जो जिले का बेहद व्यस्त और संवेदनशील मार्ग माना जाता है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ट्रक तेज़ रफ्तार में था और उस पर क्षमता से कहीं ज़्यादा भूसा लदा हुआ था।
ओवरलोड ट्रक का बिगड़ा संतुलन, मौत बनकर गिरी भारी गाड़ी
जैसे ही ट्रक का संतुलन बिगड़ा, उसका पहिया डिवाइडर से टकराया और भारी भरकम ट्रक सीधे सड़क पर पलट गया, ठीक उसी वक्त जब बोलेरो उसके नीचे से गुजर रही थी। ट्रक का पलटना इतना अचानक था कि किसी को कुछ समझने या बचने का मौका ही नहीं मिला।
कुछ सेकंड में बोलेरो चपटी, बचने की कोई उम्मीद नहीं
ट्रक के पलटते ही बोलेरो पूरी तरह चपटी हो गई। ट्रक का भारी वजन और ऊपर से गिरा भूसा ऐसा था कि बोलेरो में बैठे चालक को बचने का कोई रास्ता नहीं मिला। हादसा इतना भयावह था कि आसपास मौजूद लोग कुछ पल तक स्तब्ध रह गए।
सरकारी वाहन भी नहीं बचा, चालक अकेला और बेबस
बताया जा रहा है कि जिस बोलेरो को ट्रक ने कुचला, वह सरकारी विभाग से संबंधित वाहन था और उस पर “उत्तर प्रदेश सरकार” अंकित था। वाहन में उस समय सिर्फ चालक ही मौजूद था, जो अपनी ड्यूटी निभाते हुए इस सड़क से गुजर रहा था।
सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन मौके पर पहुंचा
हादसे की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस, प्रशासन और राहत टीमें मौके पर पहुंचीं, लेकिन तब तक सब कुछ खत्म हो चुका था। बोलेरो ट्रक के नीचे बुरी तरह फंसी हुई थी और चारों ओर मलबा, भूसा और टूटे लोहे के टुकड़े बिखरे पड़े थे।
क्रेन और मशीनों से हटाया गया ट्रक, तब निकला शव
मौके पर पहुंची पुलिस ने क्रेन और भारी मशीनों की मदद से ट्रक को हटवाया। काफी मशक्कत के बाद बोलेरो के अंदर फंसे चालक का शव बाहर निकाला जा सका। शव की हालत देखकर वहां मौजूद हर व्यक्ति की आंखें नम हो गईं।
हाईवे पर लंबा जाम, घंटों तक थमी रही रफ्तार
इस हादसे के बाद नैनीताल हाईवे पर लंबा जाम लग गया। सड़क के दोनों ओर वाहनों की कतारें लग गईं और कई घंटों तक यातायात पूरी तरह प्रभावित रहा। पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद धीरे-धीरे रास्ता खुलवाया।
सीसीटीवी फुटेज ने खोली हादसे की भयावह सच्चाई
हादसे का सीसीटीवी वीडियो भी सामने आया है, जिसमें साफ दिखाई देता है कि कैसे एक ओवरलोड ट्रक पल भर में मौत का सामान बन गया। वीडियो ने सड़क सुरक्षा को लेकर लोगों के भीतर गुस्सा और डर दोनों पैदा कर दिए हैं।
हादसे के बाद यह खबर भी फैली कि इसमें 7 लोगों की मौत हुई है, लेकिन मौके की वास्तविक जानकारी और प्रशासनिक पुष्टि के अनुसार इस हादसे में केवल एक व्यक्ति की मौत हुई है। बाकी बातें भ्रम और अफवाह साबित हुई हैं।
लापरवाही का सवाल, जिम्मेदारी किसकी?
यह हादसा फिर से यह सवाल खड़ा करता है कि ओवरलोड वाहनों पर नियंत्रण क्यों नहीं, हाईवे पर नियमों की सख्ती क्यों गायब है और आखिर कब तक आम आदमी इसकी कीमत जान देकर चुकाता रहेगा।
रामपुर हादसा नहीं, एक बड़ी चेतावनी
रामपुर का यह सड़क हादसा सिर्फ एक घटना नहीं, बल्कि एक सख्त चेतावनी है। अगर ओवरलोडिंग, तेज़ रफ्तार और लापरवाही पर समय रहते लगाम नहीं लगी, तो ऐसे हादसे हर दिन किसी न किसी घर को उजाड़ते रहेंगे।