Eid 2026: ईद के मौके पर माहौल शांत और खुशहाल बनाए रखने की अपील करते हुए मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने मुसलमानों से खास आग्रह किया है कि वे सड़कों पर नमाज न पढ़ें और किसी भी तरह के प्रदर्शन से दूर रहें। उन्होंने साफ कहा कि ईद खुशी का त्योहार है, इसे किसी भी सियासी या विवादित मुद्दे से नहीं जोड़ना चाहिए।
“ईद खुशी का दिन है, गम का नहीं”
ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना रजवी ने कहा कि रमजान का पूरा महीना इबादत में गुजरने के बाद ईद का दिन खुशी और मुबारकबाद का होता है।
उन्होंने कहा कि इस दिन को किसी के कहने पर गम में बदलना सही नहीं है। लोगों को चाहिए कि वे एक-दूसरे से मिलें, खुशी मनाएं और त्योहार की पवित्रता बनाए रखें।
आजम खान के पैगाम पर प्रतिक्रिया
सपा नेता आजम खान के संदेश पर प्रतिक्रिया देते हुए मौलाना रजवी ने कहा कि मुसलमान किसी भी राजनीतिक व्यक्ति के बहकावे में न आएं।
दरअसल, जानकारी के मुताबिक आजम खान, जो इस समय जेल में हैं, ने एक संदेश भेजा था जिसमें ईरान-अमेरिका तनाव के मद्देनजर मुसलमानों से काले कपड़े पहनने, काली पट्टी बांधने और नमाज के बाद प्रदर्शन करने की बात कही गई थी।
इस पर मौलाना ने साफ कहा कि ईद जैसे पवित्र दिन को प्रदर्शन या विरोध का माध्यम नहीं बनाना चाहिए।
“न काले कपड़े पहनें, न करें प्रदर्शन”
मौलाना रजवी ने स्पष्ट तौर पर अपील की कि ईद के दिन:
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काले कपड़े न पहनें
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किसी भी तरह का प्रदर्शन न करें
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धार्मिक त्योहार को राजनीतिक रंग न दें
उन्होंने कहा कि ऐसे कदम त्योहार की गरिमा को ठेस पहुंचाते हैं और समाज में गलत संदेश देते हैं।
सड़कों पर नमाज को लेकर क्या कहा?
मौलाना ने सड़कों और गलियों में नमाज पढ़ने को लेकर भी अहम बात कही। उन्होंने बताया कि ईद के दिन नमाजियों की संख्या बहुत ज्यादा होती है, जिससे कई बार मस्जिदों में जगह कम पड़ जाती है।
ऐसी स्थिति में उन्होंने सुझाव दिया कि:
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मस्जिदों में एक से ज्यादा बार जमात कराई जाए
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इमाम बदलकर 2-3 बार नमाज पढ़ाई जा सकती है
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इससे सड़क पर नमाज पढ़ने की जरूरत नहीं पड़ेगी
उन्होंने कहा कि शरीयत में ऐसी व्यवस्था पहले से मौजूद है, बस उसे सही तरीके से लागू करने की जरूरत है।
सरकार की गाइडलाइन मानने की अपील
मौलाना रजवी ने लोगों से अपील की कि वे सरकार द्वारा जारी गाइडलाइन का पूरी तरह पालन करें और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें।
अंत में उन्होंने सभी देशवासियों को ईद की मुबारकबाद देते हुए कहा कि यह त्योहार प्रेम, भाईचारे और शांति का संदेश देता है—इसे उसी भावना के साथ मनाया जाना चाहिए।