पाकिस्तान के क्वेटा में भीषण आत्मघाती हमला, ट्रेन को बनाया गया निशाना; 24 से ज्यादा मौतें, 70 से ज्यादा घायल
पाकिस्तान के अशांत बलूचिस्तान प्रांत से एक बार फिर बड़े आतंकी हमले की खबर सामने आई है। प्रांत की राजधानी क्वेटा में रविवार सुबह रेलवे ट्रैक के पास हुए एक भीषण आत्मघाती धमाके ने पूरे इलाके को दहला दिया। शुरुआती जानकारी में कम से कम 23 लोगों की मौत की पुष्टि हुई थी, लेकिन बाद में मृतकों की संख्या बढ़कर 24 से अधिक बताई गई, जबकि 70 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं। कई घायलों की हालत बेहद गंभीर बताई जा रही है, जिसके चलते मौतों का आंकड़ा और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
धमाका इतना जबरदस्त था कि ट्रेन की बोगियां पलट गईं, कई डिब्बों में आग लग गई और आसपास की इमारतों के शीशे टूट गए। धमाके के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। चारों ओर धुएं का गुबार और लोगों की चीख-पुकार सुनाई देने लगी। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में ट्रेन की क्षतिग्रस्त बोगियां, धुएं से घिरा इलाका और राहत-बचाव कार्य साफ दिखाई दे रहा है।
रेलवे ट्रैक के पास विस्फोट, ट्रेन की बोगियां पटरी से उतरीं
जानकारी के अनुसार यह हमला क्वेटा के चमन फाटक इलाके के पास हुआ, जब एक यात्री ट्रेन रेलवे ट्रैक से गुजर रही थी। बताया जा रहा है कि ट्रेन क्वेटा कैंट इलाके से आगे बढ़ रही थी और उसमें बड़ी संख्या में सुरक्षा बलों के जवान तथा उनके परिवार के लोग भी सवार थे। इसी दौरान रेलवे लाइन के पास एक विस्फोटकों से भरे वाहन में जोरदार धमाका हुआ। धमाके की तीव्रता इतनी ज्यादा थी कि ट्रेन का इंजन और कई बोगियां पटरी से उतर गईं। दो बोगियां पलटने के साथ उनमें आग भी लग गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक धमाके के तुरंत बाद गोलियों जैसी आवाजें भी सुनाई दीं, जिससे इलाके में दहशत और बढ़ गई। सुरक्षा एजेंसियों ने तुरंत पूरे क्षेत्र को घेर लिया और सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया।
आसपास की इमारतों और वाहनों को भी भारी नुकसान
इस विस्फोट का असर सिर्फ ट्रेन तक सीमित नहीं रहा। धमाके से रेलवे ट्रैक के आसपास खड़ी कई गाड़ियां क्षतिग्रस्त हो गईं और नजदीकी इमारतों को भी भारी नुकसान पहुंचा। कई मकानों की दीवारों में दरारें आ गईं, जबकि सड़क किनारे खड़े दर्जनों वाहन बुरी तरह टूट गए। कुछ स्थानीय लोगों ने बताया कि धमाके की आवाज कई किलोमीटर दूर तक सुनाई दी।
अस्पतालों में इमरजेंसी घोषित, घायलों की हालत गंभीर
हमले के तुरंत बाद राहत और बचाव टीमें मौके पर पहुंचीं। घायलों को क्वेटा के सरकारी अस्पतालों में भर्ती कराया गया, जहां इमरजेंसी घोषित कर दी गई। डॉक्टरों के मुताबिक कई घायलों की हालत बेहद नाजुक बनी हुई है। कुछ लोगों को गंभीर जलने और शरीर पर गहरे जख्मों के कारण विशेष उपचार दिया जा रहा है।
बलूचिस्तान प्रशासन के अधिकारियों ने बताया कि पुलिस, सुरक्षा बल और आपातकालीन सेवाओं की टीमें लगातार राहत कार्य में जुटी हुई हैं। घटनास्थल से सबूत जुटाए जा रहे हैं और विस्फोट के तरीके की विस्तृत जांच की जा रही है।
बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी ने ली हमले की जिम्मेदारी
इस हमले की जिम्मेदारी बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी (BLA) ने ली है। संगठन की ओर से जारी बयान में कहा गया कि उसकी आत्मघाती इकाई “मजीद ब्रिगेड” ने इस हमले को अंजाम दिया। संगठन का दावा है कि उसने पाकिस्तानी सुरक्षा बलों को ले जा रही ट्रेन को निशाना बनाया।
बीएलए लंबे समय से बलूचिस्तान में सक्रिय अलगाववादी संगठन है, जो पाकिस्तान सरकार और सुरक्षा बलों के खिलाफ लगातार हमले करता रहा है। हाल के वर्षों में इस संगठन ने रेलवे, सैन्य ठिकानों और सरकारी प्रतिष्ठानों को कई बार निशाना बनाया है।
बलूचिस्तान क्यों बना हिंसा का केंद्र?
बलूचिस्तान पाकिस्तान का सबसे बड़ा लेकिन सबसे कम आबादी वाला प्रांत है। यह इलाका प्राकृतिक गैस, खनिज और अन्य संसाधनों से समृद्ध माना जाता है। लंबे समय से यहां अलगाववाद, उग्रवाद और सुरक्षा बलों के खिलाफ हिंसक गतिविधियां जारी हैं। कई उग्रवादी संगठन दावा करते हैं कि स्थानीय लोगों को संसाधनों का उचित लाभ नहीं मिल रहा और बाहरी नियंत्रण बढ़ता जा रहा है।
इसी वजह से बलूचिस्तान में आए दिन हमले, बम धमाके और सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ की घटनाएं सामने आती रहती हैं। पिछले कुछ महीनों में भी इस क्षेत्र में कई बड़े आतंकी हमले हुए हैं, जिनमें बड़ी संख्या में लोगों की जान गई थी।
पाकिस्तान में बढ़ती सुरक्षा चुनौती
क्वेटा ट्रेन हमला पाकिस्तान की सुरक्षा व्यवस्था पर एक बड़ा सवाल खड़ा कर रहा है। जिस इलाके में हमला हुआ, वहां सामान्य तौर पर सुरक्षा बलों की तैनाती रहती है। इसके बावजूद हमलावर विस्फोटकों से भरे वाहन को रेलवे ट्रैक तक पहुंचाने में सफल रहे। इस घटना के बाद पाकिस्तान में सुरक्षा एजेंसियों की कार्यप्रणाली और खुफिया तंत्र को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं।
फिलहाल पूरे इलाके में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है। सुरक्षा बलों ने क्वेटा और आसपास के संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ा दी है। वहीं, इस हमले के बाद पूरे पाकिस्तान में दहशत और चिंता का माहौल बना हुआ है।