UP Police Exam: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में सिपाही भर्ती परीक्षा देने जा रही दो महिला अभ्यर्थियों के साथ हुई वारदात ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। ऑटो चालक ने दोनों युवतियों को आलमबाग बस स्टेशन ले जाने के बजाय सुनसान इलाके में पहुंचा दिया और उनके साथ जबरदस्ती करने की कोशिश की। हालांकि दोनों युवतियों ने हिम्मत नहीं हारी और बहादुरी से मुकाबला करते हुए खुद को बचा लिया। बाद में पुलिस ने आरोपी की पहचान कर मुठभेड़ के बाद उसे गिरफ्तार कर लिया।
रायबरेली परीक्षा देने जा रही थीं दोनों अभ्यर्थी
जानकारी के अनुसार, लखीमपुर खीरी की रहने वाली दो सहेलियों का सोमवार को रायबरेली में सिपाही भर्ती परीक्षा का पेपर था। परीक्षा देने के लिए दोनों एक दिन पहले लखनऊ पहुंची थीं और मड़ियांव इलाके में अपने रिश्तेदार के घर रुकी थीं।
सोमवार तड़के उन्हें रायबरेली जाने के लिए चारबाग रेलवे स्टेशन से आलमबाग बस स्टेशन पहुंचना था, जहां से उन्हें बस पकड़नी थी।
चारबाग से ऑटो में बैठीं, चालक ने बदल दिया रास्ता
एफआईआर के मुताबिक, सोमवार सुबह करीब 3:30 बजे दोनों युवतियां चारबाग रेलवे स्टेशन पहुंचीं और आलमबाग बस स्टेशन जाने के लिए एक ऑटो में बैठ गईं।
आरोप है कि ऑटो चालक ने रास्ता बंद होने की बात कहकर वाहन को दूसरे रास्ते पर मोड़ दिया। इसके बाद वह दोनों युवतियों को पारा थाना क्षेत्र स्थित रामलीला मैदान के पास एक सुनसान इलाके में ले गया।
सुनसान जगह पर जबरदस्ती की कोशिश
पीड़िताओं के अनुसार, सुनसान जगह पर पहुंचने के बाद आरोपी ने उनके साथ जबरदस्ती करने का प्रयास किया। विरोध करने पर उसने दोनों युवतियों के साथ मारपीट और अभद्रता की।
इस दौरान दोनों को चोटें भी आईं। आरोपी की हरकतों से घबराने के बजाय दोनों युवतियों ने बहादुरी दिखाते हुए उसका सामना किया।
एक ने धक्का दिया, दूसरी ने काट ली उंगली
जब आरोपी लगातार दबाव बनाने की कोशिश कर रहा था, तब दोनों युवतियों ने खुद को बचाने के लिए पूरी ताकत लगा दी।
एक युवती ने आरोपी को जोरदार धक्का दिया, जबकि दूसरी ने उसकी उंगली दांत से काट ली। इसी बीच दोनों ने शोर मचाना शुरू कर दिया, जिससे आरोपी घबरा गया।
राहगीर को देखकर भागा आरोपी
घटना के दौरान वहां से एक राहगीर गुजर रहा था। राहगीर को अपनी तरफ आता देख आरोपी ऑटो चालक मौके पर ही ऑटो छोड़कर फरार हो गया।
राहगीर ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों युवतियों को सुरक्षित अपने साथ ले गई।
पुलिस ने परीक्षा भी दिलवाई
घटना के बावजूद दोनों अभ्यर्थियों ने हिम्मत नहीं हारी। पुलिस उन्हें चारबाग रेलवे स्टेशन लेकर पहुंची और वहां से रायबरेली परीक्षा देने के लिए रवाना किया।
परीक्षा पूरी करने के बाद दोनों युवतियां वापस लौटीं, जिसके बाद उनकी तहरीर पर आरोपी ऑटो चालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। बयान दर्ज करने के बाद पुलिस ने दोनों को उनके परिजनों के सुपुर्द कर दिया।
सीसीटीवी फुटेज से हुई आरोपी की पहचान
लखनऊ पुलिस ने आरोपी की तलाश के लिए कई टीमों को लगाया। डीसीपी पश्चिम कमलेश दीक्षित के मुताबिक, चारबाग से पारा तक लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई।
तकनीकी जांच और फुटेज के आधार पर आरोपी की पहचान हरदोई निवासी हसीब के रूप में हुई।
पुलिस मुठभेड़ में पैर में लगी गोली
पुलिस को सोमवार देर रात सूचना मिली कि आरोपी हसीब मुन्नू खेड़ा पुलिया के पास मौजूद है। इसके बाद पुलिस टीम ने इलाके की घेराबंदी कर दी।
पुलिस के अनुसार, खुद को घिरता देखकर आरोपी नहर पुलिया की तरफ भागा। जब पुलिस ने उसे रोकने की कोशिश की तो उसने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी।
जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली आरोपी के पैर में लगी, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। घायल आरोपी को इलाज के लिए रानी लक्ष्मीबाई अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पहले भी कर चुका है ऐसा अपराध
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी हसीब आदतन अपराधी है। इससे पहले वर्ष 2024 में भी उसने हरदोई जिले के संडीला थाना क्षेत्र में इसी तरह की वारदात को अंजाम दिया था।
पुलिस के मुताबिक, उस मामले में उसने एक महिला को ऑटो में बैठाकर सुनसान जगह ले जाकर दुष्कर्म किया था। उस अपराध में वह जेल भी जा चुका है।
महिलाओं की बहादुरी बनी मिसाल
इस पूरे मामले में सबसे बड़ी बात यह रही कि दोनों युवतियों ने कठिन परिस्थिति में भी हिम्मत नहीं हारी। उनकी सूझबूझ, साहस और तत्काल प्रतिक्रिया की वजह से एक बड़ी वारदात टल गई।
फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।