मरौली बालू खदान खंड 5 में जारी है खदान माफियाओं का आतंक
जिलाधिकारी की सख्ती के बावजूद मनमानी कर रहे खदान संचालक

उत्तर प्रदेश के बांदा जिले से एक बार फिर बालू माफियाओं के आतंक की तस्वीरें सामने आने लगीं हैं और धन की शक्ति का जलवा दिखा रहे हैं। खदान संचालक किसान के खेत को रौंद रहे हैं विरोध करने पर संचालक के गुर्गे किसान को डरा धमका रहे हैं। वहीं खदान की कुछ तस्वीरें भी सामने आईं हैं जिसमे दर्जनों मशीनी राक्षस नदी को तार तार कर रहे हैं और मानक के विपरीत खनन कर रहे हैं। इन मशीनी राक्षसों के पंजे से जलीय जीवों की हत्या हो रही है जबकि खनन की इजाजत केवल मजदूरों द्वारा ही है लेकिन यहां सभी नियमों को तक पर रख कर खनन किया जा रहा है।
पूरा मामला मटौन्ध थाना अंतर्गत मरौली बालू खदान खंड संख्या 5 का है जहां के रहने वाले किसान राघवेंद्र तिवारी ने बताया की खदान का पट्टेधारक संजू गुप्ता उसके खेत को रौंद रहा है। बिना अनुमति के रास्ता बना दिया है । जिसका कोई मुआवजा भी नहीं दिया है विरोध करने पर बालू माफिया जावेद हमीरपुर के आदमी चुन्ना मुसलमान, जगराम प्रधान सहित अन्य गुर्गे परेशान कर रहे हैं। जिलाधिकारी ने न्याय दिलाने का आश्वासन दिया है किसान ने यह भी बताया की यहां लगातार अवैध खनन किया जा रहा है और बीते दिनो प्रशासन ने यहां छापेमारी की थी जिसमे कई ट्रक ओवरलोड और बिना रवन्ने के पकड़े गए थे। जब ट्रक को जब्त कर पुलिस की अभिरक्षा में खड़े कराने के लिए भेजे गए तो एक ट्रक वाले ने सुरक्षा कर्मी होमगार्ड को चलते ट्रक से फेंक दिया था। वही इस खदान की कुछ तस्वीरें भी सामने आई हैं जिसमे एक साथ दर्जनों हैवी पोकलैंड मशीनें हैवी बाकेट से खनन करती नजर आ रहीं हैं। जो की पूरी तरीके से अवैध हैं एन जी टी ने दो छोटी मशीनों की इजाजत लोडिंग करने के लिए दी है वो भी छोटे बाकेट की और खनन कार्य मजदूरों से ही कराने की अनुमति है लेकिन यहां सभी नियमों को ताक पर रख कर पोकलैंड मशीनों से खनन किया जा रहा है जिससे जलीय जीवों की मौत भी होना संभव है और मानक विपरीत खनन भी होता है। अन्य खदानों से कई बार खनन के गड्ढों में डूबकर ग्रामीणों की मौत खबरें भी आ चुकी हैं । लेकिन इसका बावजूद खदान माफिया नदी को तार तार कर रहे हैं। हालाकि बांदा जिलाधिकारी खनन के मामले में सख्त हैं और निश्चय ही एक बार फिर इस खदान पर और संचालकों पर डीएम का चाबुक चलेगा।