रिपोर्ट : संदीप शर्मा

कस्बे में बुलडोजर गरजा तो पालिका की जमीन पर दुकानें रखे दुकानदारों से लेकर अन्य दुकानदारों में हड़कंप मच गया। देखते ही देखते पालिका की जमीन पर दुकानें रखे दुकानदार फैजुद्दीन, मो. शेर, सलीम, बब्लू, नवीशेर, विनोद शर्मा, मुन्ना, आफताब, की दुकानें जमींदोज कर दी गईं। दुकानदारों का कहना था कि नगर पालिका के चेयरमैन तानाशाही पर उतारू हैं। जिस जमीन पर वर्षों से हम लोग काबिज हैं और अपनी रोजी रोटी चलाकर अपना और अपने परिवार का पेट पाल रहे हैं, उस जमीन को नगर पालिका प्रशासन ने हमसे छीन कर हमें और हमारे परिवारों को बेघर कर दिया। पीड़ित दुकानदार अब उपरोक्त मामले में कोर्ट जाने की तैयारी में हैं।
गोरखपुर में हाल ही में घटी एक दिल दहला देने वाली घटना ने पूरे जिले को हिला दिया। पति-पत्नी के बीच चल रहे वैवाहिक विवाद और तलाक की कचहरी में खिंचते मामले का नतीजा सरेआम खून-खराबे के रूप में सामने आया। पति ने दिनदहाड़े अपनी पत्नी को गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया। इस घटना ने न केवल पारिवारिक कलह की भयावहता को उजागर किया है, बल्कि यह भी दिखाया है कि सामाजिक और मानसिक तनाव किस तरह एक परिवार को तबाह कर सकता है