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पीलीभीत प्रशासन की अपील: बिहार से बाहर रहने वाले मतदाता 25 जुलाई तक भरें फॉर्म, नहीं तो छूट जाएगा वोट का अधिकार

बिहार से बाहर रह रहे मतदाताओं के लिए अलर्ट: 25 जुलाई तक भरें गणना प्रपत्र, नहीं तो छूट सकता है वोट का अधिकार!

7.89 करोड़ मतदाताओं में से 88% ने भरा प्रपत्र, बाकी बचे 6.85% को आयोग ने दी अंतिम चेतावनी

विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान में अंतिम चरण की तैयारी

भारत निर्वाचन आयोग द्वारा चलाए जा रहे विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के तहत बिहार में मतदाता सूची का अद्यतन कार्य अंतिम चरण में है। 24 जून 2025 की स्थिति में राज्य के कुल 7,89,69,844 मतदाताओं में से 6,99,92,926 मतदाताओं यानी करीब 88.65 प्रतिशत लोगों ने अपने गणना प्रपत्र जमा कर दिए हैं, जबकि 6.85 प्रतिशत (54,07,483) मतदाताओं से फॉर्म प्राप्त किया जाना बाकी है। आयोग ने स्पष्ट कर दिया है कि 25 जुलाई 2025 की अंतिम तिथि तक सभी शेष मतदाताओं को अपने फॉर्म जमा करने होंगे, अन्यथा उनका नाम प्रारूप मतदाता सूची में दर्ज नहीं हो पाएगा।

बिहार से बाहर रह रहे मतदाताओं के लिए ऑनलाइन सुविधा

पीलीभीत प्रशासन ने विशेष रूप से उन मतदाताओं को सचेत किया है जो अस्थायी रूप से बिहार से बाहर रह रहे हैं। ऐसे मतदाता अपने मोबाइल फोन, निर्वाचन आयोग की वेबसाइट https://voters.eci.gov.in या ECINET App के माध्यम से ऑनलाइन गणना प्रपत्र भर सकते हैं। इसके अलावा, प्री-फिल्ड फॉर्म डाउनलोड कर हस्ताक्षरित प्रति को व्हाट्सएप, ई-मेल या परिवार के सदस्य के माध्यम से स्थानीय बीएलओ तक पहुंचाया जा सकता है। प्रशासन ने अपील की है कि कोई भी मतदाता इस सुविधा का लाभ उठाकर अपने मताधिकार से वंचित न हो।

दस्तावेजों की सूची और समयसीमा

मतदाता सूची में नाम जुड़वाने के लिए गणना प्रपत्र के साथ 11 प्रकार के दस्तावेजों में से कोई भी एक संलग्न करना अनिवार्य है। इनमें से कुछ प्रमुख दस्तावेज हैं:

केंद्र या राज्य सरकार/पीएसयू के नियमित कर्मचारी या पेंशनधारी को जारी पहचान पत्र

जन्म प्रमाण पत्र (सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी)

पासपोर्ट या मान्यता प्राप्त शैक्षणिक प्रमाण पत्र

स्थायी निवास प्रमाण पत्र

भूमि या मकान आवंटन संबंधी सरकारी प्रमाण पत्र

यदि किसी कारणवश दस्तावेज तत्काल उपलब्ध नहीं हो पाते, तो उन्हें 25 जुलाई 2025 तक या दावा-आपत्ति अवधि (01 अगस्त से 01 सितंबर 2025) के दौरान भी जमा किया जा सकता है।

प्रारूप मतदाता सूची और दावा-आपत्ति की प्रक्रिया क्या है जानिए 

निर्वाचन आयोग के अनुसार, प्रारूप निर्वाचक नामावली 01 अगस्त 2025 को प्रकाशित की जाएगी। इसके बाद 01 सितंबर 2025 तक दावा-आपत्ति की अवधि होगी। जो भी मतदाता इस प्रक्रिया में नाम जुड़वाना या सुधार कराना चाहते हैं, उन्हें 25 जुलाई से पहले फॉर्म भरकर जमा करना आवश्यक है। साथ ही, मतदाता ECINET App या वेबसाइट के माध्यम से अपने फॉर्म की स्थिति की जांच भी कर सकते हैं।

पीलीभीत प्रशासन की चेतावनी और अपील

पीलीभीत प्रशासन ने चेतावनी दी है कि जो मतदाता निर्धारित तिथि तक गणना प्रपत्र जमा नहीं करेंगे, वे आगामी चुनावों में मतदान के अधिकार से वंचित रह सकते हैं। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे अपने मताधिकार की सुरक्षा के लिए समय पर फॉर्म भरें और आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत करें।

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