Big News: प्रतापगढ़ जिले में गुरुवार सुबह उस समय हड़कंप मच गया, जब एक महिला कॉन्स्टेबल का शव सरकारी क्वार्टर में पंखे से लटका मिला। घटना तब सामने आई, जब साथी कॉन्स्टेबल उन्हें ईद ड्यूटी के लिए बुलाने पहुंचे और दरवाजा अंदर से बंद मिला।
कैसे सामने आया मामला
यह मामला छोटी सादड़ी थाना क्षेत्र का है, जहां गुरुवार सुबह करीब 7 बजे यह घटना सामने आई। साथी पुलिसकर्मी उन्हें ड्यूटी पर बुलाने पहुंचे, लेकिन काफी देर तक दरवाजा खटखटाने के बावजूद कोई जवाब नहीं मिला।
इसके बाद सीनियर अधिकारियों को सूचना दी गई और दरवाजा तोड़ा गया।
दरवाजा तोड़ते ही सामने आया खौफनाक मंजर
जब पुलिस टीम कमरे के अंदर पहुंची, तो देखा कि महिला कॉन्स्टेबल का शव पंखे से फंदे पर लटका हुआ था। मौके पर तुरंत FSL टीम को बुलाया गया और जांच शुरू की गई।
फिलहाल मौत के कारणों का खुलासा नहीं हो पाया है और पुलिस हर एंगल से जांच कर रही है।
मृतक की पहचान और ड्यूटी की जानकारी
एसपी बी. आदित्य के अनुसार, मृतक कॉन्स्टेबल की पहचान शोम कंवर (26) पुत्री कुशल सिंह निवासी वरमंडल, प्रतापगढ़ के रूप में हुई है।
वह छोटी सादड़ी थाने में तैनात थीं और गुरुवार को उनकी ईद को लेकर ड्यूटी लगी हुई थी।
साथियों ने उन्हें कॉल किया, लेकिन उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया।
नहीं मिला कोई सुसाइड नोट
पुलिस के मुताबिक, मौके से किसी भी प्रकार का सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। इससे मामला और भी रहस्यमय हो गया है।
जांच एजेंसियां अब हर संभावित पहलू—आत्महत्या या किसी अन्य कारण—की गहराई से जांच कर रही हैं।
रात में पिता से हुई थी आखिरी बातचीत
मृतका के अंकल मनोहर सिंह के अनुसार, बुधवार रात करीब 9 बजे शोम की अपने पिता से फोन पर बात हुई थी। उस समय सब कुछ सामान्य था।
शोम के पिता उस समय उदयपुर में थे और वापसी के दौरान उनकी बातचीत हुई थी।
सेवा और पारिवारिक पृष्ठभूमि
शोम कंवर 2022 बैच की कॉन्स्टेबल थीं। उनकी पहली पोस्टिंग जलोदा जागीर में हुई थी, जहां उन्होंने करीब 6 महीने तक सेवा दी।
करीब एक साल पहले ही उनका तबादला छोटी सादड़ी थाना क्षेत्र में हुआ था।
वह पिछले 3 साल से पुलिस विभाग में कार्यरत थीं और चार भाई-बहनों में तीसरे नंबर पर थीं।
पुलिस जांच जारी
फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। FSL टीम द्वारा जुटाए गए सबूतों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और अन्य जांच के बाद ही मौत के असली कारणों का पता चल सकेगा।