Bareilly Metro: बरेली शहर में मेट्रो रेल चलाने की दिशा में तेजी से काम हो रहा है। यदि सब कुछ योजना के अनुसार रहा, तो वर्ष 2030 से बरेली में मेट्रो रेल दौड़ने लगेगी। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के तहत शहर के दो रूटों पर मेट्रो का परिचालन किया जाएगा। मेट्रो परियोजना से बरेलीवासियों को न केवल आवागमन में सहूलियत होगी, बल्कि शहर के विकास को भी नई दिशा मिलेगी।
दो रूट और 20 स्टेशन होंगे शामिल
बरेली में प्रस्तावित मेट्रो रेल के दो रूट तय किए गए हैं, जिनकी कुल लंबाई 22 किलोमीटर होगी। इन रूट्स पर कुल 20 स्टेशन बनाए जाएंगे। रूट की प्रमुख विशेषताएं इस प्रकार हैं:
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ब्लू लाइन (12.5 किमी):
- रूट: बरेली जंक्शन, चौकी चौराहा, गांधी उद्यान, सेटेलाइट बस अड्डा, बीसलपुर चौराहा, तुलसीनगर, रुहेलखंड विश्वविद्यालय, सौ फुटा क्रॉसिंग, फीनिक्स मॉल, सन सिटी, फन सिटी।
- स्टेशन: 11
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रेड लाइन (9.5 किमी):
- रूट: चौकी चौराहा, पटेल चौक, कुतुबखाना मार्केट, कोहाड़ापीर रोड क्रॉसिंग, डीडीपुरम चौराहा, सब्जी मंडी, आईवीआरआई, नार्थ सिटी एक्सटेंशन, फन सिटी।
- स्टेशन: 9
डीपीआर का ड्राफ्ट तैयार करने का काम अंतिम चरण में
मेट्रो रेल परियोजना की डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार करने का काम रेल इंडिया टेक्निकल एंड इकोनॉमिक सर्विस (राइट्स) कर रही है। यह काम उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉरपोरेशन की निगरानी में किया जा रहा है। डीपीआर का ड्राफ्ट इसी महीने के अंत तक तैयार हो जाएगा। इसके बाद अधिकारियों के सुझाव और आवश्यक बदलावों के बाद इसे अंतिम रूप दिया जाएगा। परियोजना को राज्य और केंद्र सरकार से मंजूरी मिलने के बाद काम धरातल पर शुरू होगा।
सुरक्षा और तकनीकी पहलुओं पर विशेष ध्यान
सर्वे के दौरान मेट्रो पिलर्स के लिए जमीन की मजबूती की जांच की गई है। पटेल चौक से कोहाड़ापीर रोड क्रॉसिंग के बीच मेट्रो को भूमिगत बनाया जाएगा। भूमिगत निर्माण के लिए यूटिलिटी शिफ्टिंग जैसे कार्यों का आकलन पहले ही पूरा किया जा चुका है। मेट्रो के रखरखाव और संचालन के लिए 100 फुटा रोड पर डिपो बनाए जाने की योजना भी प्रस्तावित है।
2030 तक मेट्रो परिचालन का लक्ष्य
अधिकारियों के अनुसार, अगर सभी प्रक्रियाएं समय पर पूरी हो गईं और किसी प्रकार की अड़चन नहीं आई, तो वर्ष 2030 तक बरेली में मेट्रो सेवा शुरू हो जाएगी। इस परियोजना का निर्माण भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए किया जा रहा है। योजना वर्ष 2056 तक की मांग को पूरा करने में सक्षम होगी।
परियोजना की अनुमानित लागत और लाभ
यह परियोजना लगभग 5000 करोड़ रुपये की लागत से पूरी होगी। इसके पूरा होने पर हर दिन करीब 15,000 लोगों का सफर आसान होगा। मेट्रो सेवा शहर के ट्रैफिक को कम करने के साथ-साथ प्रदूषण नियंत्रण में भी मददगार होगी।
अधिकारियों का बयान
मेट्रो रेल परियोजना पर बोलते हुए, बरेली विकास प्राधिकरण (बीडीए) के उपाध्यक्ष मनिकंडन ए ने कहा, “मेट्रो रेल परियोजना के लिए सर्वे पूरा हो चुका है। डीपीआर का ड्राफ्ट महीने के अंत तक तैयार हो जाएगा। इसके बाद प्रक्रिया को तेजी से आगे बढ़ाया जाएगा।” मंडलायुक्त सौम्या अग्रवाल की निगरानी में इस परियोजना पर काम किया जा रहा है।
निष्कर्ष
बरेली मेट्रो रेल परियोजना शहर के नागरिकों के लिए एक बड़ी सौगात होगी। यह न केवल आवागमन को आसान बनाएगी, बल्कि शहर के विकास और रोजगार के नए अवसर भी प्रदान करेगी। अब सबकी निगाहें इस परियोजना की स्वीकृति और इसके तेजी से क्रियान्वयन पर टिकी हैं।