Suvendu Adhikari PA Murder: पश्चिम बंगाल में नेता प्रतिपक्ष Suvendu Adhikari के पर्सनल असिस्टेंट (PA) चंद्रनाथ रथ की हत्या मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। बंगाल CID ने बिहार और उत्तर प्रदेश से तीन संदिग्धों को गिरफ्तार किया है। शुरुआती जांच में यह मामला पूरी तरह प्लानिंग के तहत की गई सुपारी किलिंग का माना जा रहा है। हमले में मॉडर्न ग्लॉक 47X पिस्टल का इस्तेमाल हुआ और फर्जी नंबर प्लेट वाली कार-बाइक का उपयोग किया गया। आइए आसान भाषा में समझते हैं पूरा मामला, गिरफ्तारी से लेकर 90 मिनट की पूरी टाइमलाइन तक।
बिहार और यूपी से 3 संदिग्ध गिरफ्तार
बंगाल CID ने इस हाई-प्रोफाइल हत्याकांड में तीन संदिग्धों को गिरफ्तार किया है। इनमें बिहार के बक्सर से मयंक राज मिश्रा और विक्की मौर्य, जबकि उत्तर प्रदेश के बलिया से राज सिंह को पकड़ा गया है।
तीनों को रविवार रात हिरासत में लिया गया था और सोमवार सुबह औपचारिक गिरफ्तारी दिखाई गई। जांच एजेंसियों के मुताबिक राज सिंह एक शार्प शूटर है और हत्या में उसकी बड़ी भूमिका हो सकती है।
चुनाव नतीजों के दो दिन बाद हुई हत्या
6 मई को पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के सिर्फ दो दिन बाद 42 वर्षीय चंद्रनाथ रथ की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
यह वारदात उत्तर 24 परगना जिले के मध्यमग्राम इलाके में हुई। चंद्रनाथ अपनी स्कॉर्पियो से घर लौट रहे थे, तभी हमलावरों ने रास्ता रोककर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी।
हमले में चंद्रनाथ को सीने और पेट में तीन गोलियां लगी थीं। उन्हें बचाया नहीं जा सका।
CID को सुपारी किलिंग का शक
बंगाल पुलिस और CID की शुरुआती जांच में सामने आया है कि यह कोई अचानक हुई वारदात नहीं थी, बल्कि पूरी प्लानिंग के साथ की गई हत्या थी।
जांच एजेंसियों का मानना है कि इसमें प्रोफेशनल शूटर्स शामिल थे। जिस तरह से कार का पीछा किया गया, रास्ता रोका गया और कुछ सेकेंड में फायरिंग कर हमलावर फरार हो गए, उससे साफ है कि अपराधियों ने पहले से पूरी रेकी कर रखी थी।
फर्जी नंबर प्लेट वाली कार और बाइक बरामद
पुलिस ने घटनास्थल से एक कार जब्त की है, जिससे चंद्रनाथ रथ की स्कॉर्पियो का पीछा किया गया था। जांच में पता चला कि कार की नंबर प्लेट फर्जी थी।
इतना ही नहीं, कार के चेसिस और इंजन नंबर तक मिटाए गए थे ताकि पहचान न हो सके।
हमले में दो मोटरसाइकिलों का भी इस्तेमाल हुआ था। इनमें से एक बाइक घटनास्थल से करीब 4 किलोमीटर दूर एक चाय की दुकान के पास मिली। उस पर भी फर्जी रजिस्ट्रेशन नंबर था। दूसरी बाइक अभी तक बरामद नहीं हुई है।
ग्लॉक 47X पिस्टल से की गई फायरिंग
जांच में सामने आया है कि हमलावरों ने ग्लॉक 47X पिस्टल का इस्तेमाल किया था। यह एक आधुनिक और हाई-क्वालिटी हथियार माना जाता है, जिसका इस्तेमाल आमतौर पर प्रोफेशनल अपराधी या प्रशिक्षित शूटर करते हैं।
पुलिस का कहना है कि हमला जिस सटीक तरीके से किया गया, उससे साफ है कि इसमें अनुभवी शूटर शामिल थे।
कौन थे चंद्रनाथ रथ?
चंद्रनाथ रथ पहले एयरफोर्स में अफसर रह चुके थे। बाद में उन्होंने VRS लिया और कुछ समय कॉर्पोरेट सेक्टर में काम किया। इसके बाद वे राजनीति से जुड़े।
जब Suvendu Adhikari तृणमूल कांग्रेस (TMC) में थे, तभी से चंद्रनाथ उनके साथ काम कर रहे थे।
2019 में वे सुवेंदु अधिकारी की ऑफिशियल टीम का हिस्सा बने। उस समय सुवेंदु ममता बनर्जी सरकार में मंत्री थे।
भवानीपुर चुनाव में संभाली थी बड़ी जिम्मेदारी
चंद्रनाथ रथ ने भवानीपुर विधानसभा सीट पर सुवेंदु अधिकारी के चुनाव अभियान की जिम्मेदारी संभाली थी।
भवानीपुर वही सीट है जहां से सुवेंदु अधिकारी ने Mamata Banerjee को करीब 15 हजार वोटों से हराया था।
राजनीतिक हलकों में चंद्रनाथ को सुवेंदु का बेहद भरोसेमंद सहयोगी माना जाता था।
चंद्रनाथ की मां भी TMC छोड़ BJP में गई थीं
सुवेंदु अधिकारी की तरह चंद्रनाथ रथ का परिवार भी पहले TMC से जुड़ा हुआ था।
उनकी मां हाशी रथ पूर्व मेदिनीपुर में पंचायत निकाय में पद पर रह चुकी थीं। बाद में 2020 में वे भी सुवेंदु अधिकारी के साथ भाजपा में शामिल हो गईं।
शांत स्वभाव और लो-प्रोफाइल थे चंद्रनाथ
चंद्रनाथ रथ को बेहद शांत और लो-प्रोफाइल व्यक्ति माना जाता था। उन्होंने रहारा रामकृष्ण मिशन से पढ़ाई की थी।
दिलचस्प बात यह है कि वर्षों तक सुवेंदु अधिकारी के बेहद करीबी रहने के बावजूद वे मीडिया और सुर्खियों से दूर ही रहे। यहां तक कि उनकी सुवेंदु के साथ बहुत कम तस्वीरें सार्वजनिक रूप से मौजूद हैं।
90 मिनट की पूरी टाइमलाइन: कैसे हुआ हमला?
रात 9 बजे कोलकाता से निकले
चंद्रनाथ रथ कोलकाता से मध्यमग्राम स्थित अपने किराए के घर के लिए निकले थे। स्कॉर्पियो उनका ड्राइवर चला रहा था और चंद्रनाथ आगे वाली सीट पर बैठे थे।
रात 10 बजे CCTV में दिखी स्कॉर्पियो
रात 9:58 बजे मध्यमग्राम इलाके के एक CCTV कैमरे में उनकी स्कॉर्पियो दिखाई दी।
कुछ देर बाद उसी रास्ते से एक कार और दो बाइक पर सवार लोग पीछे जाते नजर आए।
10:30 बजे रास्ता रोककर हमला
दोहरिया जंक्शन के पास हमलावरों की कार स्कॉर्पियो से आगे निकली और सामने जाकर रुक गई।
स्कॉर्पियो ड्राइवर को गाड़ी रोकनी पड़ी। तभी बाइक सवार हमलावर बाईं तरफ आए और ताबड़तोड़ 6 से 10 राउंड फायरिंग शुरू कर दी।
वारदात के बाद फरार हुए बदमाश
हमलावर वारदात के बाद कार मौके पर छोड़कर मोटरसाइकिलों से दो अलग-अलग रास्तों से फरार हो गए।
पुलिस अब CCTV फुटेज, मोबाइल लोकेशन और जब्त वाहनों के जरिए बाकी आरोपियों की तलाश कर रही है।
बंगाल की राजनीति में बढ़ी हलचल
चंद्रनाथ रथ की हत्या ने पश्चिम बंगाल की राजनीति में बड़ा तूफान खड़ा कर दिया है। भाजपा इसे राजनीतिक साजिश बता रही है, जबकि CID लगातार मामले की जांच में जुटी हुई है।
अब सबकी नजर इस बात पर है कि जांच एजेंसियां इस हत्याकांड के मास्टरमाइंड तक कब पहुंचती हैं।