पीलीभीत में व्यापारियों से सीधा संवाद करेगा राज्य कर विभाग, जीएसटी से जुड़ी समस्याओं के समाधान के लिए 4 जून को होगा विशेष कार्यक्रम
जीएसटी पोर्टल, ई-इनवॉइस, रिटर्न फाइलिंग, इनपुट टैक्स क्रेडिट और पंजीकरण से जुड़े सवालों पर मिलेगी जानकारी
व्यापारियों और विभाग के बीच संवाद को मजबूत बनाने की पहल
पीलीभीत में व्यापारियों की समस्याओं के समाधान और जीएसटी व्यवस्था को अधिक सरल एवं प्रभावी बनाने के उद्देश्य से राज्य कर विभाग विशेष व्यापारी संवाद कार्यक्रम आयोजित करने जा रहा है। इस कार्यक्रम के माध्यम से व्यापारियों को जीएसटी से संबंधित विभिन्न प्रक्रियाओं, तकनीकी समस्याओं और शासन द्वारा किए जा रहे सुधारों की जानकारी दी जाएगी। साथ ही व्यापारी सीधे विभागीय अधिकारियों के समक्ष अपनी समस्याएं और सुझाव भी रख सकेंगे।
उपायुक्त राज्य कर खंड-2 रिकेश सिंह ने बताया कि प्रदेश सरकार की मंशा व्यापारियों और कर विभाग के बीच नियमित संवाद स्थापित करने की है, ताकि कर प्रणाली को और अधिक पारदर्शी, सरल तथा व्यवसाय अनुकूल बनाया जा सके।
4 जून को पूरनपुर में होगा व्यापारी संवाद कार्यक्रम
राज्य कर विभाग द्वारा व्यापारी संवाद कार्यक्रम का आयोजन 4 जून 2026 को दोपहर 1 बजे किया जाएगा। कार्यक्रम का आयोजन मंगलम बैंक्वेट हॉल, ब्लॉक रोड, पूरनपुर में किया जाएगा। जिले के व्यापारियों, उद्यमियों, कर सलाहकारों और जीएसटी से जुड़े हितधारकों को इसमें शामिल होने के लिए आमंत्रित किया गया है।
विभाग का मानना है कि इस प्रकार के संवाद कार्यक्रमों से व्यापारियों की वास्तविक समस्याओं को समझने और उनका त्वरित समाधान करने में सहायता मिलती है।
जीएसटी व्यवस्था पर होगी विस्तृत चर्चा
कार्यक्रम के दौरान वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) प्रणाली से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तार से चर्चा की जाएगी। व्यापारियों को जीएसटी पोर्टल के उपयोग, रिटर्न फाइलिंग की प्रक्रिया, ई-इनवॉइस व्यवस्था, ई-वे बिल, पंजीकरण संबंधी प्रक्रियाओं तथा इनपुट टैक्स क्रेडिट से जुड़े नियमों की जानकारी दी जाएगी।
इसके अलावा जीएसटी प्रणाली में समय-समय पर किए गए संशोधनों और नई व्यवस्थाओं को भी विस्तार से समझाया जाएगा, ताकि व्यापारियों को नियमों के अनुपालन में किसी प्रकार की कठिनाई का सामना न करना पड़े।
जीएसटी 2.0 सुधारों पर भी रहेगा फोकस
व्यापारी संवाद कार्यक्रम में जीएसटी 2.0 सुधारों और कर प्रणाली में प्रस्तावित बदलावों पर भी चर्चा की जाएगी। विभागीय अधिकारी व्यापारियों को बताएंगे कि नई व्यवस्थाएं किस प्रकार कारोबार को आसान बनाने और कर अनुपालन को बेहतर बनाने में सहायक होंगी।
साथ ही डिजिटल माध्यमों के उपयोग को बढ़ावा देने और ऑनलाइन प्रक्रियाओं को सरल बनाने के लिए भी आवश्यक जानकारी साझा की जाएगी।
समस्याओं और सुझावों को मिलेगा मंच
कार्यक्रम का एक महत्वपूर्ण उद्देश्य व्यापारियों को ऐसा मंच उपलब्ध कराना है जहां वे अपनी व्यावहारिक समस्याओं को सीधे अधिकारियों के समक्ष रख सकें। रिटर्न फाइलिंग में आने वाली दिक्कतें, पोर्टल संबंधी तकनीकी समस्याएं, कर निर्धारण, इनपुट टैक्स क्रेडिट और अन्य विषयों पर व्यापारी अपने सवाल पूछ सकेंगे।
विभागीय अधिकारी मौके पर ही कई समस्याओं का समाधान करने का प्रयास करेंगे, जबकि जटिल मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निस्तारित करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
प्रदेश के राजस्व में जीएसटी की महत्वपूर्ण भूमिका
उपायुक्त राज्य कर रिकेश सिंह ने बताया कि जीएसटी वर्तमान समय में प्रदेश के राजस्व का सबसे बड़ा स्रोत है। राज्य के विकास कार्यों, बुनियादी ढांचे, जनकल्याणकारी योजनाओं और सार्वजनिक सेवाओं के संचालन में जीएसटी से प्राप्त राजस्व की महत्वपूर्ण भूमिका है।
इसी कारण सरकार लगातार कर प्रणाली को सरल, पारदर्शी और व्यापारियों के लिए सुविधाजनक बनाने की दिशा में कार्य कर रही है।
व्यापारियों के लिए संचालित योजनाओं की भी दी जाएगी जानकारी
संवाद कार्यक्रम के दौरान व्यापारियों के हित में संचालित विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी भी दी जाएगी। पात्र व्यापारियों को उपलब्ध सुविधाओं, सहायता योजनाओं और डिजिटल सेवाओं के बारे में अवगत कराया जाएगा, ताकि वे इनका अधिकतम लाभ उठा सकें।
अधिक से अधिक व्यापारियों से शामिल होने की अपील
राज्य कर विभाग ने जिले के सभी व्यापारियों, उद्यमियों और जीएसटी पंजीकृत कारोबारियों से कार्यक्रम में अधिक से अधिक संख्या में शामिल होने की अपील की है। विभाग का मानना है कि संवाद और सहभागिता के माध्यम से कर प्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है तथा व्यापारियों की समस्याओं का समाधान भी तेजी से संभव हो सकेगा।
4 जून को आयोजित होने वाला यह कार्यक्रम व्यापारियों और विभाग के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है, जिससे कर प्रशासन और व्यापारिक समुदाय के बीच विश्वास और सहयोग को नई मजबूती मिलने की उम्मीद है।