Crime News: लखनऊ में बैंक मैनेजर दिव्या मिश्रा, उनकी ननद शीबा बाजपेयी और SBI अफसर मानस वाजपेयी की मौत के मामले में पुलिस की शुरुआती जांच में कई चौंकाने वाली बातें सामने आई हैं। पुलिस के मुताबिक, पत्नी की हत्या से पहले मानस ने करीब 2 दिन तक उसकी रेकी की और 3 असलहों का इंतजाम किया था। इसके बाद करीब 30 मिनट के भीतर पत्नी और बहन की हत्या करने के बाद उसने खुद भी सुसाइड कर लिया। शुरुआती जांच में वारदात के पीछे दो वजहें सामने आई हैं—तलाक के मामले में करीब डेढ़ करोड़ रुपये की एलिमनी की मांग और मानस की बहन शीबा को साथ रखने को लेकर पति-पत्नी के बीच लंबे समय से चल रहा विवाद।
18 अगस्त की फैमिली कोर्ट सुनवाई के बाद बदला मानस का व्यवहार
18 अगस्त को लखनऊ फैमिली कोर्ट में मानस और दिव्या के तलाक मामले में सुनवाई थी। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, इसी दौरान दोनों के बीच एलिमनी को लेकर विवाद हुआ। बताया जा रहा है कि दिव्या तलाक के बदले करीब डेढ़ करोड़ रुपये गुजारा-भत्ता मांग रही थीं। पुलिस की शुरुआती जांच के अनुसार, सुनवाई के बाद मानस काफी तनाव में आ गया और उसने पत्नी व बहन की हत्या के बाद खुदकुशी करने की योजना बना ली।
बहन को साथ रखने को लेकर भी था विवाद
पुलिस की शुरुआती जांच में दूसरी वजह मानस की बहन शीबा को लेकर सामने आई है। दिव्या कथित तौर पर मानस की मानसिक रूप से बीमार बहन शीबा के साथ नहीं रहना चाहती थीं। इसी मुद्दे पर दोनों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। 2025 में यह विवाद दोबारा बढ़ा और आखिरकार दिव्या ने नवंबर 2025 में घर छोड़ दिया।
3 असलहे खरीदे, 2 दिन तक पत्नी की रेकी की
पुलिस जांच के मुताबिक, फैमिली कोर्ट की सुनवाई के बाद मानस ने हत्या और सुसाइड की योजना बनाई। इसके लिए उसने दो दिन में तीन असलहों का इंतजाम किया। इनमें दो 9 एमएम पिस्टल और एक तमंचा बताया जा रहा है। पुलिस ने तीनों असलहे बरामद कर लिए हैं और तीनों लोडेड बताए जा रहे हैं। हालांकि, ये असलहे उसने कहां से और किससे खरीदे, इसकी जांच अभी जारी है।
ऑटो से बैंक पहुंचा, पत्नी को फोन कर बाहर बुलाया
20 अगस्त को दोपहर करीब 12 बजे मानस ऑटो से सीधे दिव्या के ICICI बैंक पहुंचा। पुलिस के मुताबिक, उसने दिव्या को फोन कर बाहर बुलाया। दिव्या बैंक से बाहर आईं तो दोनों के बीच पहले विवाद और मारपीट हुई। इसके बाद मानस ने दिव्या के चेहरे पर सटाकर दो गोलियां मार दीं। पूरी घटना बैंक के बाहर लगे CCTV कैमरे में कैद हो गई।
बैंक के गार्ड और कर्मचारी बचाने दौड़े
दिव्या के ममेरे भाई मयंक दीक्षित के मुताबिक, 20 अगस्त को दिव्या बैंक के काम से बाहर गई थीं। काम खत्म करने के बाद जब वह दोपहर में कार से ऑफिस पहुंचीं तो मानस वहां पहले से मौजूद था। उसने इशारे से दिव्या को अपने पास बुलाया और कहा कि कुछ बात करनी है। दिव्या के पास पहुंचते ही उसने मारपीट शुरू कर दी। बैंक के गार्ड और कर्मचारी उन्हें बचाने के लिए दौड़े, लेकिन इसी दौरान मानस ने दिव्या के माथे में गोली मार दी। गोली लगते ही दिव्या सड़क पर गिर गईं और मानस वहां से भाग निकला।
2 किलोमीटर दूर घर पहुंचकर बहन को मारी गोली
पत्नी की हत्या के बाद मानस ऑटो से करीब 2 किलोमीटर दूर अपने घर पहुंचा। बताया जा रहा है कि वह पसीने से तर-बतर था। घर पहुंचकर उसने कमरे का दरवाजा बंद किया और टीवी पर तेज आवाज में हनुमान चालीसा चला दी। इसके बाद उसने अपनी बहन शीबा के सिर में गोली मारकर हत्या कर दी।
बहन की हत्या के बाद खुद को भी गोली मारी
शीबा की हत्या करने के बाद मानस ने अपनी कनपटी में गोली मारकर सुसाइड कर लिया। इस तरह करीब 30 मिनट के अंदर पत्नी दिव्या और बहन शीबा की हत्या और फिर मानस के सुसाइड की वारदात सामने आई। पुलिस पूरे घटनाक्रम और इसके पीछे की वजहों की जांच कर रही है।
सुसाइड से पहले WhatsApp स्टेटस लगाया
पुलिस के मुताबिक, पत्नी की हत्या के बाद मानस ने WhatsApp पर स्टेटस भी लगाया था। इसमें उसने पत्नी पर उसे धोखा देने का आरोप लगाया और खुद को व अपनी बहन को मारने की बात लिखी। इस स्टेटस में दिव्या की बहन प्रज्ञा और उनके पति भरत यादव का भी जिक्र किया गया था।
दिव्या के भाई ने कहा- प्रज्ञा और भरत को किसी बात की जानकारी नहीं थी
दिव्या के भाई मयंक दीक्षित का कहना है कि प्रज्ञा और भरत यादव को मानस द्वारा लगाए गए आरोपों के बारे में ऐसी किसी बात की जानकारी नहीं थी। उनका कहना है कि मानस का व्यवहार कुछ समय से सामान्य नहीं था। पुलिस अब WhatsApp स्टेटस में किए गए दावों की भी जांच कर रही है।
2017 में हुई थी मानस और दिव्या की लव मैरिज
परिजनों के मुताबिक, मानस और दिव्या ने साल 2017 में लव मैरिज की थी। शादी के शुरुआती दिनों में दोनों के रिश्ते ठीक रहे, लेकिन बाद में छोटी-छोटी बातों को लेकर विवाद शुरू हो गया। धीरे-धीरे दोनों के बीच दूरी बढ़ती गई और दोनों अलग रहने लगे।
मां को कैंसर हुआ तो दिव्या फिर साथ रहने लगीं
2018 में मानस की मां को कैंसर हुआ। इस दौरान दिव्या दोबारा मानस के साथ रहने लगीं। इसी बीच मानस की बहन को साथ रखने को लेकर पति-पत्नी के बीच विवाद शुरू हो गया। 2019 में मानस की मां की मौत के बाद दिव्या फिर अलग हो गईं। हालांकि, कुछ समय बाद दोनों के बीच बातचीत हुई और वे दोबारा साथ रहने लगे।
2025 में बहन को लेकर विवाद फिर बढ़ा
2025 में मानस की बहन को लेकर पति-पत्नी के बीच विवाद फिर बढ़ गया। दिव्या का कहना था कि वह मानस की बहन के साथ नहीं रहेंगी, जबकि मानस इसके लिए तैयार नहीं था। इसके बाद नवंबर 2025 में दिव्या ने पूरी तरह घर छोड़ दिया।
मानस ने रिश्ता बचाने की कोशिश की, लेकिन बात नहीं बनी
दिव्या के घर छोड़ने के बाद मानस ने रिश्ता बचाने की कोशिश की। उसने कई बार दिव्या से बातचीत की, लेकिन बात नहीं बनी। आखिरकार मामला लखनऊ फैमिली कोर्ट पहुंच गया। जनवरी 2026 में दिव्या ने फैमिली कोर्ट में मुकदमा दायर किया और तलाक की कानूनी प्रक्रिया शुरू हो गई।
दोस्त ने पुलिस को बताया- 3 महीने से शहर से बाहर था मानस
मानस के एक दोस्त ने पुलिस को बताया कि वह करीब 3 महीने से बैंक के ऑडिट के काम से शहर से बाहर था। लौटने के बाद उसे 18 अगस्त को फैमिली कोर्ट में होने वाली सुनवाई की जानकारी मिली। वह कोर्ट पहुंचा। पुलिस के मुताबिक, इसी दौरान उसे करीब डेढ़ करोड़ रुपये की एलिमनी की मांग के बारे में पता चला। इसके बाद वह तनाव में आ गया।
दिव्या मायके में रहती थीं, मानस बहन के साथ किराए के मकान में था
मानस से अलग होने के बाद दिव्या आलमबाग के श्रंगार नगर स्थित अपने मायके में रहने लगी थीं। कुछ समय पहले उन्होंने पारा के बुद्धेश्वर में अपना मकान बनवाया था। फिलहाल वह इसी घर में अपने माता-पिता के साथ रह रही थीं। दिव्या के पिता सरकारी नौकरी से रिटायर हैं, जबकि उनकी मां गृहिणी हैं।
वहीं मानस हुसड़िया चौराहे के पास अपनी बहन शीबा बाजपेयी (28) के साथ किराए के मकान में रहता था। वह SBI की इंजीनियरिंग कॉलेज ब्रांच में फील्ड ऑफिसर था। मानस के पिता भी बैंककर्मी थे और करीब 6 साल पहले उनकी मौत हो गई थी। उसकी मां की भी मौत हो चुकी है।
प्रज्ञा मिश्रा ने मानस पर लगाए गंभीर आरोप
दिव्या की बहन और यूट्यूबर प्रज्ञा मिश्रा ने X पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। प्रज्ञा ने दावा किया कि दिव्या ने उन्हें बताया था कि मानस और उसकी बहन ने मिलकर बीमार मां के साथ मारपीट की थी, जिसके बाद उनकी मौत हो गई थी। प्रज्ञा ने मानस को मानसिक रूप से परेशान करने वाला व्यक्ति बताते हुए कहा कि वह पहले भी दिव्या का पीछा कर चुका था।
प्रज्ञा के मुताबिक, तनाव की वजह से कुछ दिन पहले दिव्या का एक्सीडेंट भी हुआ था, जिसमें उसका हाथ और पैर टूट गया था। करीब डेढ़-दो महीने बाद उसने ऑफिस जाना शुरू किया था और वह अब भी लंगड़ाकर चलती थी। प्रज्ञा ने कहा कि दिव्या ने कितनी प्रताड़ना झेली, यह उसे जानने वाले लोग जानते हैं।
प्रज्ञा का आरोप- शादी की पहली रात ही खर्च बांटने की शर्त रखी
प्रज्ञा ने आरोप लगाया कि शादी की सुहागरात पर ही मानस ने घर के खर्चों की एक लिस्ट बनाई थी और दिव्या से आधा खर्च उठाने की शर्त रखी थी। प्रज्ञा के मुताबिक, दिव्या ने इसे मान लिया था। उन्होंने मानस पर दिव्या के साथ क्रूरता करने का आरोप भी लगाया।
प्रज्ञा ने एक घटना का जिक्र करते हुए कहा कि अगर Blinkit से मंगाए गए टमाटरों में कोई टमाटर खराब निकल जाता था तो मानस दिव्या को यह कहकर पीटता था कि उसने ऐसा ऑर्डर क्यों किया कि टमाटर खराब निकला।
पिछले एक साल से दिव्या ने अपने हिस्से का खर्च उठाना बंद कर दिया था
प्रज्ञा के मुताबिक, दिव्या ने पिछले एक साल से अपने हिस्से का खर्च उठाना बंद कर दिया था। उन्होंने कहा कि मानस की नजर में यह ‘चीटिंग’ हो सकती थी। प्रज्ञा का दावा है कि दिव्या सिर्फ मानस से अलग होना चाहती थीं। उन्होंने यह भी कहा कि फैमिली कोर्ट में काउंसलर के साथ भी मानस की झड़प हुई थी।
‘बहन चाहती थी सब ठीक हो जाए, मानस सुधर जाए’
प्रज्ञा ने कहा कि उन्हें पता था कि मानस उनकी बहन के साथ क्रूरता करता था और इसी वजह से दिव्या उससे अलग होना चाहती थीं। लेकिन उन्हें अंदाजा नहीं था कि मानस इतना बड़ा कदम उठा लेगा। प्रज्ञा के मुताबिक, दिव्या ने उन्हें बताया था कि उसका पति मानसिक रूप से परेशान करने वाला था।
प्रज्ञा ने कहा कि इतना सब होने के बावजूद दिव्या तीज का व्रत रखने वाली थीं। उन्होंने मानस का टैटू भी नहीं हटवाया था। प्रज्ञा के मुताबिक, दिव्या के मन में कहीं न कहीं यह उम्मीद थी कि सब ठीक हो जाए और मानस सुधर जाए।
‘मम्मी को दिव्या की हत्या की बात बताने की हिम्मत नहीं हुई’
प्रज्ञा ने भावुक पोस्ट में कहा कि वह अपनी मां को दिव्या की हत्या की बात बताने की हिम्मत नहीं जुटा पा रही थीं। उन्होंने अपनी मां से कहा कि दिव्या की हालत क्रिटिकल है और उन्हें उनके पास सुला दिया। प्रज्ञा ने कहा कि पहली बार उन्हें महसूस हुआ कि सच कहना कितना मुश्किल होता है। उनके मुताबिक, दिव्या का शव पोस्टमॉर्टम हाउस के फ्रीजर में था और वह यह सच अपनी मां को नहीं बता पाईं।
पुलिस कर रही है हर दावे और वारदात की जांच
लखनऊ पुलिस की शुरुआती जांच में एलिमनी की मांग और मानस की बहन को साथ रखने को लेकर विवाद को हत्या की संभावित वजहों के तौर पर देखा जा रहा है। वहीं, WhatsApp स्टेटस में लगाए गए आरोप, असलहे कहां से खरीदे गए, हत्या की पूरी प्लानिंग और प्रज्ञा मिश्रा द्वारा लगाए गए पुराने आरोपों की भी जांच की जा रही है। मामले में पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही वारदात की पूरी तस्वीर और आरोपों की पुष्टि हो सकेगी।