बड़ा हादसा: बिहार के बेतिया में शुक्रवार रात एक दर्दनाक सड़क हादसे में 5 लोगों की मौत हो गई, जबकि 12 से ज्यादा लोग घायल हो गए। हादसा लौरिया थाना क्षेत्र के पराउ टोला बनकटवा के पास रात करीब 11 बजे हुआ। यहां सड़क किनारे एक बच्चे की छठी के मौके पर ऑर्केस्ट्रा कार्यक्रम चल रहा था और बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे। इसी दौरान तेज रफ्तार यात्री बस अनियंत्रित होकर कार्यक्रम में जा घुसी और वहां मौजूद लोगों को रौंद दिया।
मृतकों में बच्चे के पिता समेत 5 लोग शामिल
हादसे में जान गंवाने वालों की पहचान लौरिया थाना क्षेत्र के बनकटवा निवासी बहादुर महतो, संजय कुमार, भोला दुबे, देवेंद्र दुबे और छांगुर राम के रूप में हुई है। मृतकों में देवेंद्र दुबे भी शामिल हैं, जिनके बेटे की छठी के मौके पर ही यह कार्यक्रम आयोजित किया गया था।
बेटे की छठी में खुशी मना रहे थे देवेंद्र दुबे
बताया गया कि 15 अगस्त को देवेंद्र दुबे के बेटे का जन्म हुआ था। इसी खुशी में 21 अगस्त की रात बेटे की छठी का कार्यक्रम रखा गया था। परिवार की ओर से भोज के साथ ऑर्केस्ट्रा का भी आयोजन किया गया था। इसमें गांव के लोगों के साथ-साथ गेस्ट भी शामिल हुए थे।
पांचवें बच्चे के जन्म की खुशी में था कार्यक्रम
देवेंद्र दुबे पेशे से ड्राइवर थे। उनके परिवार में 3 बेटियां और 2 बेटे हैं। पांचवें बच्चे के जन्म की खुशी में आयोजित कार्यक्रम में वह भी मौजूद थे। परिवार और मेहमान बच्चे की छठी की खुशी मना रहे थे, लेकिन कुछ ही देर में तेज रफ्तार बस ने पूरे कार्यक्रम को मातम में बदल दिया।
LPG सिलेंडर से भरे ट्रक से बचने के दौरान बेकाबू हुई बस
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, शुक्रवार रात गोरखपुर से बेतिया की ओर यात्री बस आ रही थी। वहीं सड़क पर LPG सिलेंडर से भरा एक ट्रक भी आ रहा था। बगहा-लौरिया मेन रोड पर बस और ट्रक के बीच टक्कर की स्थिति बन गई। ट्रक से बचने की कोशिश में बस चालक ने बस मोड़ दी।
तेज रफ्तार के कारण कार्यक्रम में जा घुसी बस
बस की रफ्तार ज्यादा होने के कारण चालक उस पर नियंत्रण नहीं रख सका। बस अनियंत्रित होकर सड़क किनारे लगे टेंट और ऑर्केस्ट्रा कार्यक्रम में जा घुसी। उस वक्त वहां बड़ी संख्या में लोग कार्यक्रम देख रहे थे। बस कई लोगों को अपनी चपेट में लेते हुए निकल गई। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार और अफरातफरी मच गई।
हादसे में 12 से ज्यादा लोग घायल
इस हादसे में 12 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं। घायलों में विनय कुमार यादव, श्याम बाबू, मोती चंद्र महतो और नरेश राम समेत अन्य लोग शामिल बताए जा रहे हैं। हादसे के तुरंत बाद स्थानीय लोगों ने राहत और बचाव का काम शुरू किया और घायलों को अस्पताल पहुंचाने में मदद की।
सभी घायलों को बेतिया GMCH भेजा गया
घटना की सूचना मिलते ही लौरिया थाना पुलिस दलबल के साथ मौके पर पहुंची। पुलिस ने तत्काल एंबुलेंस की मदद से घायलों को बेतिया जीएमसीएच भेजा, जहां सभी का इलाज चल रहा है। पुलिस ने मृतकों के शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए बेतिया जीएमसीएच भेज दिया।
हादसे के बाद भड़का लोगों का गुस्सा
हादसे के बाद स्थानीय लोगों का गुस्सा भड़क गया। लोगों ने बस और ट्रक में तोड़फोड़ शुरू कर दी। हादसे के वक्त बस में करीब 15 पैसेंजर सवार थे। गुस्साई भीड़ ने सभी पैसेंजरों को बस से नीचे उतारा और इसके बाद बस में तोड़फोड़ की।
ऑर्केस्ट्रा की कुर्सियां और स्पीकर भी तोड़े
भीड़ ने कार्यक्रम के लिए लगाए गए टेंट में रखी कुर्सियों और स्पीकर को भी तोड़ दिया। अचानक हुए इस हंगामे से मौके पर तनाव की स्थिति बन गई। पुलिस ने लोगों को समझाने की कोशिश की और स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास शुरू किया।
SDPO ने मौके पर पहुंचकर लोगों को शांत कराया
हंगामे की जानकारी मिलते ही नरकटियागंज एसडीपीओ जयप्रकाश सिंह तत्काल मौके पर पहुंचे। उन्होंने लोगों को समझा-बुझाकर शांत कराया। इसके बाद बस में सवार पैसेंजर्स को वहां से निकाला गया और मौके की स्थिति को नियंत्रित किया गया।
पुलिस हादसे के कारणों की जांच में जुटी
पुलिस ने सभी शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए बेतिया जीएमसीएच भेज दिया है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। हादसा किस परिस्थिति में हुआ और बस के अनियंत्रित होने की सही वजह क्या थी, इसकी जानकारी जुटाई जा रही है। प्रारंभिक जानकारी में LPG सिलेंडर से लदे ट्रक से बचने की कोशिश के दौरान बस के बेकाबू होकर ऑर्केस्ट्रा कार्यक्रम में घुसने की बात सामने आई है।
एक परिवार की खुशी कुछ मिनट में मातम में बदल गई
जिस कार्यक्रम में परिवार अपने पांचवें बच्चे के जन्म की खुशी मना रहा था, वही कुछ ही मिनट में मातम में बदल गया। बेटे की छठी के कार्यक्रम में मौजूद बच्चे के पिता देवेंद्र दुबे समेत पांच लोगों की जान चली गई, जबकि 12 से ज्यादा लोग घायल हो गए। हादसे के बाद पूरे इलाके में शोक का माहौल है।