UP News: गाजियाबाद से एक बेहद दर्दनाक मामला सामने आया है। यहां 25 वर्षीय ऑटो चालक की पिंक बूथ के बाहर तड़प-तड़पकर मौत हो गई। आरोप है कि दूसरे ऑटो चालक से मारपीट के बाद घायल युवक मदद की उम्मीद लेकर पिंक बूथ पहुंचा, लेकिन उसे अंदर नहीं जाने दिया गया। इसी दौरान उसने शीशे के गेट पर हाथ मार दिया, जिससे कांच उसके हाथ में घुस गया और काफी खून बहने लगा। करीब 30 मिनट तक युवक सड़क पर तड़पता रहा। बाद में उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। घटना का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठने लगे हैं।
रविवार दोपहर हुई दर्दनाक घटना
यह घटना रविवार दोपहर करीब 3:30 बजे मधुबन बापूधाम थाना क्षेत्र के संजयनगर सेक्टर-23 स्थित पिंक बूथ के बाहर हुई। मृतक की पहचान बिहार के सीवान निवासी राजकुमार (25) के रूप में हुई है, जो गाजियाबाद के नंदग्राम थाना क्षेत्र के गुलधर में रहकर ऑटो चलाता था।
घटना का वीडियो मंगलवार को सोशल मीडिया पर सामने आया, जिसके बाद मामला चर्चा में आ गया।
वीडियो में खून से लथपथ तड़पता दिखा युवक
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में राजकुमार पिंक बूथ के बाहर सड़क पर खून से लथपथ पड़ा दिखाई देता है। उसके हाथ से लगातार खून बह रहा है और सड़क पर भी काफी खून फैला हुआ नजर आता है।
वीडियो में वह दर्द से तड़पता दिख रहा है, जबकि आसपास लोग खड़े हैं। कुछ देर बाद एंबुलेंस मौके पर पहुंचती है और उसे अस्पताल लेकर जाती है।
सवारी बैठाने को लेकर हुआ था विवाद
पुलिस के मुताबिक, रविवार दोपहर मेरठ रोड पर दो ऑटो चालकों के बीच सवारी बैठाने को लेकर विवाद हो गया था। बताया गया कि दोनों ने शराब पी रखी थी।
देखते ही देखते विवाद मारपीट में बदल गया, जिसमें राजकुमार घायल हो गया।
पिंक बूथ पहुंचा, लेकिन अंदर नहीं मिला प्रवेश
मारपीट के बाद राजकुमार और दूसरा ऑटो चालक संजयनगर सेक्टर-23 स्थित पिंक बूथ पहुंचे। आरोप है कि बूथ का मुख्य गेट अंदर से बंद था।
राजकुमार ने दूसरे गेट से अंदर जाने की कोशिश की, लेकिन अंदर मौजूद महिला पुलिसकर्मियों ने गेट नहीं खोला। इसी दौरान उसने शीशे के गेट पर हाथ मार दिया।
कांच टूटकर उसके हाथ में धंस गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया और उसके हाथ से तेज़ी से खून बहने लगा। इसी बीच दूसरा ऑटो चालक मौके से फरार हो गया।
परिजनों ने पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप
मृतक के परिजनों का आरोप है कि घायल होने के बाद राजकुमार काफी देर तक सड़क पर मदद के लिए चिल्लाता रहा, लेकिन किसी ने उसकी सहायता नहीं की।
उनका कहना है कि करीब 30 मिनट बाद चौकी पर तैनात एक दरोगा ने एंबुलेंस बुलवाई और उसे जिला अस्पताल भेजा गया। हालांकि, इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
पुलिस की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल
घटना के बाद पिंक बूथ पर तैनात पुलिसकर्मियों और डायल-112 की व्यवस्था पर भी सवाल उठ रहे हैं।
आरोप है कि यदि युवक घायल अवस्था में पिंक बूथ तक पहुंच गया था, तो तत्काल पुलिस या डायल-112 को सूचना देकर उसे समय रहते अस्पताल पहुंचाया जा सकता था।
ASP उपासना पाण्डेय ने क्या कहा?
कविनगर एएसपी उपासना पाण्डेय ने बताया कि मधुबन बापूधाम क्षेत्र में दो ऑटो चालकों के बीच विवाद हुआ था।
उन्होंने कहा कि दोनों युवक शराब के नशे में थे। विवाद के बाद वे पिंक बूथ पहुंचे, जहां एक युवक ने तेज़ी से शीशे के गेट पर हाथ मार दिया। इससे उसके हाथ में कांच घुस गया।
घायल युवक को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया, लेकिन उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। पुलिस पूरे मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
जांच के बाद होगी आगे की कार्रवाई
फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है। वायरल वीडियो, मौके पर मौजूद लोगों के बयान और अन्य साक्ष्यों के आधार पर पूरे घटनाक्रम की पड़ताल की जा रही है। जांच रिपोर्ट के बाद यह स्पष्ट होगा कि घटना में किसी स्तर पर लापरवाही हुई या नहीं।
I have started working as a crime reporter in 2011 for a daily local newspaper named ‘Khusro Mail’. I have also worked for many news organization such as Public Vibe app and Oneindia Hindi news portal. Now I am working as Editor In Chief for Rocket Post Bharat (rocketpostbharat.com).