UP News: मेरठ से सामने आई एक दुखद घटना में, शादी से महज 18 दिन पहले 27 वर्षीय युवती पारुल की ट्रेन से कटकर मौत हो गई। यह हादसा तब हुआ जब वह दिल्ली से अपनी शादी की खरीदारी कर वापस लौट रही थी। प्लेटफॉर्म पर उतरकर ट्रैक पार करते समय ईयरफोन लगाए होने के कारण उसे ट्रेन का हॉर्न सुनाई नहीं दिया, और वह जन शताब्दी एक्सप्रेस की चपेट में आ गई। इस घटना ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है।
मातम में बदली खुशियां
मृत युवती पारुल, जो मेरठ के पल्लवपुरम की रहने वाली थी, 10 दिसंबर को विवाह बंधन में बंधने वाली थी। परिवार ने बताया कि वह शादी की तैयारियों को लेकर बेहद उत्साहित थी। बुधवार को वह सुबह दिल्ली गई थी और अपनी पसंद का लहंगा खरीदकर शाम को ट्रेन से मेरठ कैंट स्टेशन पहुंची।
प्लेटफॉर्म-3 पर उतरने के बाद वह ईयरबड्स लगाकर ट्रैक पार कर रही थी। इस दौरान जन शताब्दी एक्सप्रेस आ गई, लेकिन ईयरबड्स के कारण उसे ट्रेन का हॉर्न सुनाई नहीं दिया और उसकी चपेट में आ गई। हादसे के बाद जीआरपी पुलिस ने मौके पर पहुंचकर युवती की पहचान आधार कार्ड के जरिए की।
भाई लहंगा हाथ में लेकर रोया
पुलिस ने हादसे की जानकारी पारुल के परिजनों को दी। पारुल की मौत की खबर से परिवार में मातम छा गया। उसके चार भाई और माता-पिता गहरे सदमे में हैं। भाई, जो अपनी बहन की शादी की तैयारी में जुटे थे, स्टेशन पहुंचे और लहंगा हाथ में लेकर फूट-फूटकर रो पड़े। उन्होंने कहा, “बहन को इस लहंगे में विदा करने का सपना देखा था, लेकिन अब उसे कफन में विदा करना पड़ेगा।”
मां मुकेश बार-बार यही कह रही थी, “डोली उठनी थी, लेकिन अब अर्थी उठानी पड़ेगी। पारुल बहुत खुश थी, उसने फोन पर बताया था कि उसने मनपसंद लहंगा खरीद लिया है। पर सब खत्म हो गया।”
सुरक्षा के प्रति चेतावनी: ईयरबड्स बने हादसे का कारण
जीआरपी पुलिस का कहना है कि युवती ने ईयरबड्स लगाए थे, जिससे वह ट्रेन की आवाज नहीं सुन पाई। हादसे के बाद उसका बैग 20 मीटर दूर मिला, जिसमें शादी का लहंगा और अन्य सामान था। यह हादसा ईयरबड्स का गलत समय पर उपयोग करने के खतरों की ओर भी ध्यान आकर्षित करता है।
शादी से पहले का उल्लास बदला मातम में
पारुल की मौत ने पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ा दी। इस घटना ने एक बार फिर यह साबित किया कि जीवन कितना अनिश्चित है। शादी की खुशियों में डूबा परिवार आज अपनी बेटी को खोने का गम सहन कर रहा है। साथ ही यह हादसा उन सभी के लिए चेतावनी है, जो मोबाइल या ईयरबड्स के कारण अपने आस-पास की आवाजों को अनसुना कर देते हैं। पारुल की कहानी एक दर्दनाक याद के रूप में दिलों में रह जाएगी।