अलीगढ़ में खंडहर से मिला सिंदूर में लिपटा युवक, हाथ-पैर बंधे होने से फैली सनसनी, तांत्रिक क्रिया में नरबलि या या कुछ और? पुलिस जांच में जुटी
खंडहर में दिखा भयावह मंजर, सिंदूर, नींबू, नारियल और चाकू देख दहशत में ग्रामीण
अलीगढ़ के अकराबाद थाना क्षेत्र के पिलखना कस्बे में उस समय सनसनी फैल गई जब एक युवक खंडहरनुमा स्थान पर बेहोशी की हालत में मिला। युवक के हाथ-पैर बंधे हुए थे, शरीर और चेहरे पर सिंदूर लगा हुआ था और उसके आसपास ऐसे कई सामान पड़े मिले, जिन्हें देखकर ग्रामीणों ने किसी तांत्रिक अनुष्ठान अथवा गंभीर साजिश की आशंका जताई। घटना की जानकारी मिलते ही पूरे इलाके में हड़कंप मच गया और बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंच गए।
बताया जा रहा है कि युवक की पहचान शिवकुमार के रूप में हुई है, जो पिछले दिन देर शाम से लापता था। परिजन उसकी तलाश कर रहे थे, तभी खंडहर में उसके मिलने की सूचना सामने आई। मौके पर पहुंचकर लोगों ने जो दृश्य देखा, उसने हर किसी को हैरान कर दिया।
हाथ-पैर बंधे, शरीर पर सिंदूर, आसपास मिले तांत्रिक क्रिया के सामान
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार युवक के हाथ-पैर बंधे हुए थे और वह बेहोशी की हालत में पड़ा था। उसके आसपास जमीन में धंसा हुआ चाकू मिला। वहीं कलावा लिपटा नारियल, सिंदूर से सने नींबू तथा जमीन पर बने कुछ विशेष चिन्ह भी दिखाई दिए। इन वस्तुओं को देखकर स्थानीय लोगों के बीच तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं।
ग्रामीणों का कहना है कि घटनास्थल पर मौजूद परिस्थितियां सामान्य नहीं थीं। कई लोगों ने आशंका जताई कि युवक के साथ किसी तांत्रिक क्रिया या रहस्यमय अनुष्ठान जैसी गतिविधि की गई हो सकती है। हालांकि पुलिस ने अभी तक ऐसी किसी संभावना की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
देर शाम से लापता था शिवकुमार
जानकारी के अनुसार शिवकुमार शनिवार देर शाम से घर से लापता था। परिजन लगातार उसकी तलाश कर रहे थे, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिल रहा था। अगले दिन जब खंडहरनुमा स्थान पर एक युवक के पड़े होने की सूचना मिली तो परिजन मौके पर पहुंचे। वहां शिवकुमार को बेहोश हालत में देखकर परिवार के लोगों के होश उड़ गए।
स्थानीय लोगों की मदद से उसे तत्काल चिकित्सकीय सहायता उपलब्ध कराने की कोशिश की गई। युवक की हालत को देखते हुए उसे उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों की निगरानी में उसका इलाज किया जा रहा है।
इलाके में पहले भी सामने आ चुकी हैं नरबलि घटनाएं
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस क्षेत्र में पूर्व में भी कुछ ऐसी घटनाएं सामने आने की चर्चाएं होती रही हैं, जिनमें तंत्र-मंत्र और अंधविश्वास से जुड़े दावे किए गए थे। हालांकि उन मामलों में क्या निष्कर्ष निकला, यह जांच एजेंसियों की रिपोर्ट पर निर्भर करता है। वर्तमान घटना के बाद एक बार फिर पूरे इलाके में भय और आशंकाओं का माहौल बन गया है।
हर पहलू से जांच कर रही पुलिस
घटना की सूचना मिलते ही अकराबाद थाना पुलिस मौके पर पहुंची और पूरे क्षेत्र को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। पुलिस ने घटनास्थल से मिले सामान का निरीक्षण किया तथा साक्ष्य जुटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि मामले के हर पहलू की गंभीरता से जांच की जा रही है।
पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि युवक वहां कैसे पहुंचा, उसे किसने बांधा, घटनास्थल पर मिले सामान का क्या महत्व है और क्या इसके पीछे कोई आपराधिक साजिश है या फिर मामला किसी अन्य कारण से जुड़ा हुआ है। जांच पूरी होने के बाद ही पूरे घटनाक्रम की वास्तविक तस्वीर सामने आ सकेगी।
कई सवाल छोड़ गई यह घटना
पिलखना कस्बे की यह घटना अपने पीछे कई गंभीर सवाल छोड़ गई है। आखिर शिवकुमार को वहां कौन लेकर गया? उसके हाथ-पैर किसने बांधे? घटनास्थल पर मिले तांत्रिक प्रतीकों जैसे सामान वहां कैसे पहुंचे? क्या यह किसी अंधविश्वास से जुड़ा नरबलि का मामला है या फिर किसी बड़ी साजिश का हिस्सा? इन सवालों के जवाब अब पुलिस जांच पर निर्भर हैं।