हापुड़ में 85 लाख की लूट का बड़ा खुलासा: पिलखुवा पुलिस ने शातिर गिरोह को किया बेनकाब, 6 आरोपी गिरफ्तार, 62 लाख नकद बरामद
हाईवे पर दहशत, हथियारों की नोक पर लूट और फिर कानून का करारा प्रहार
हापुड़ जनपद में 15 दिसंबर 2025 को हुई 85 लाख रुपये की सनसनीखेज लूट ने न सिर्फ व्यापारियों बल्कि आम लोगों की नींद उड़ा दी थी। दिनदहाड़े, नेशनल हाईवे पर हथियारों के बल पर कलेक्शन एजेंट से की गई यह लूट पूरी तरह पेशेवर अंदाज़ में अंजाम दी गई साजिश थी।
लेकिन बदमाश यह भूल गए कि कानून की पकड़ देर से सही, मगर मजबूत होती है।
पिलखुवा पुलिस ने इस हाई-प्रोफाइल लूटकांड का पूरी तरह खुलासा करते हुए 6 शातिर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और उनके कब्जे से करीब 62 लाख रुपये नकद समेत वाहन, मोबाइल और हथियार बरामद किए हैं।
कैसे हुई 85 लाख की लूट? पूरा घटनाक्रम
15 दिसंबर 2025 की दोपहर एक कलेक्शन एजेंट विभिन्न दुकानों से नकदी संग्रह कर मोटरसाइकिल से गाजियाबाद की ओर लौट रहा था। उसके पास नकदी से भरा बैग था, जिसमें लगभग 85 लाख रुपये मौजूद थे।
जैसे ही वह पिलखुवा क्षेत्र में नेशनल हाईवे के पास पहुंचा, पहले से रेकी कर रहे बदमाशों ने जानबूझकर उसकी बाइक को टक्कर मार दी।
सड़क पर गिरते ही बदमाशों ने तमंचा तानकर नकदी से भरा बैग छीना और पल भर में फरार हो गए। यह वारदात इतनी तेज़ी से अंजाम दी गई कि मौके पर मौजूद लोग कुछ समझ ही नहीं पाए।
घटना के बाद पुलिस अलर्ट, कई टीमें गठित
लूट की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। मामला बड़ी रकम और संगठित अपराध से जुड़ा होने के कारण वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में कई पुलिस टीमें बनाई गईं।
जांच में:
सीसीटीवी फुटेज
मोबाइल सर्विलांस
कॉल डिटेल
मुखबिर तंत्र
संदिग्ध वाहनों की पहचान
जैसे सभी तकनीकी और जमीनी संसाधनों का इस्तेमाल किया गया।
पुलिस की सटीक कार्रवाई, 6 आरोपी गिरफ्तार
लगातार दबिश और जांच के बाद पुलिस ने इस लूटकांड में शामिल 6 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों के नाम इस प्रकार हैं:
अदनान – निवासी ग्राम सुल्तानपुर, जनपद अमरोहा
सावेद – निवासी ग्राम सुल्तानपुर, जनपद अमरोहा
नावेद – निवासी ग्राम सुल्तानपुर, जनपद अमरोहा
ललित – निवासी अकबरपुर पट्टी, जनपद अमरोहा
जीशान – निवासी खागोई, थाना सिंभावली, जनपद हापुड़
साबिर उर्फ भोला – निवासी बक्सर, थाना सिंभावली, जनपद हापुड़
पूछताछ में सभी आरोपियों ने लूट की साजिश स्वीकार की और बताया कि उन्होंने पहले से कलेक्शन एजेंट की गतिविधियों पर नजर रखी थी।
बरामदगी: लूट की रकम और वारदात का पूरा सामान जब्त
गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से पुलिस ने बड़ी मात्रा में सामान बरामद किया है, जिसमें शामिल हैं:
₹62 लाख रुपये नकद
5 मोबाइल फोन
एक कार (लूट के बाद फरारी में इस्तेमाल)
एक मोटरसाइकिल
अवैध तमंचा
जिंदा कारतूस
पुलिस का कहना है कि शेष रकम की बरामदगी के प्रयास जारी हैं और जरूरत पड़ने पर आरोपियों की रिमांड भी ली जाएगी।
पुराना आपराधिक रिकॉर्ड, पेशेवर गिरोह की पुष्टि
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों में से कई पहले भी अपराधिक गतिविधियों में लिप्त रहे हैं। इससे यह स्पष्ट होता है कि यह वारदात कोई अचानक उठाया गया कदम नहीं, बल्कि पूरी योजना, रेकी और नेटवर्क के साथ की गई लूट थी।
पुलिस का बयान
कुंवर ज्ञानंजय सिंह, अपर पुलिस अधीक्षक, हापुड़
“यह लूट पूरी तरह योजनाबद्ध थी। पुलिस टीमों ने लगातार मेहनत करते हुए इस मामले का सफल खुलासा किया है। आरोपियों के कब्जे से बड़ी रकम और हथियार बरामद हुए हैं। शेष रकम की बरामदगी और आगे की जांच जारी है।”
कानूनी कार्रवाई और आगे की दिशा
सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किया जा रहा है। उनके खिलाफ लूट, आपराधिक साजिश, अवैध हथियार रखने समेत गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि:
क्या किसी अंदरूनी व्यक्ति ने जानकारी दी थी
क्या यह गिरोह अन्य जिलों में भी सक्रिय रहा है
क्या लूट की रकम किसी बड़े नेटवर्क से जुड़ी है
जनता के लिए चेतावनी और संदेश
यह घटना साफ संदेश देती है कि भारी नकदी के परिवहन में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम बेहद जरूरी हैं। साथ ही यह भी साबित करता है कि कितना ही शातिर अपराध क्यों न हो, कानून की पकड़ से बच नहीं सकता।