Pilibhit News: पीलीभीत में 9 वर्षीय हिंदू बच्ची के साथ हुए घिनौने अपराध के मामले ने पहले ही पूरे इलाके में आक्रोश पैदा कर दिया था। अब इस मामले में नया राजनीतिक और प्रशासनिक अपडेट सामने आया है। राज्य मंत्री संजय सिंह गंगवार ने बड़ा बयान देते हुए कहा है कि पीड़िता के घर के पीछे बनाई गई मजार पर कार्रवाई की जाएगी। साथ ही उन्होंने पीड़ित बच्ची की जिम्मेदारी उठाने की बात भी कही है।
राज्य मंत्री संजय सिंह गंगवार का बड़ा ऐलान
राज्य मंत्री संजय सिंह गंगवार ने कहा कि उनकी विधानसभा क्षेत्र में हुई यह घटना बेहद गंभीर और निंदनीय है। उन्होंने कहा कि इस तरह का अपराध किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जा सकता।
मंत्री ने यह भी कहा कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और जांच में जो भी लोग शामिल पाए जाएंगे, उनके खिलाफ कानून के अनुसार कदम उठाए जाएंगे।
पीड़िता के घर के पीछे बनी मजार पर कार्रवाई की बात
मंत्री संजय सिंह गंगवार ने बयान देते हुए कहा कि पीड़िता के घर के पीछे बनाई गई मजार पर बाबा का बुलडोजर चलेगा।
साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि “हिंदुओं को दबाने की साजिश को किसी भी हाल में बर्दाश नहीं किया जाएगा।”
पीड़ित बच्ची को गोद लेने की कही बात
राज्य मंत्री ने भावुक बयान देते हुए कहा कि उन्होंने पीड़ित बच्ची को गोद लेने का फैसला किया है। उन्होंने कहा कि भविष्य में बच्ची के विवाह के समय कन्यादान करने का वादा भी किया है।
इस बयान के बाद राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर भी इस पर चर्चा शुरू हो गई है।
पीलीभीत में 9 साल की बच्ची से जुड़े जघन्य मामले पर राज्य मंत्री संजय सिंह गंगवार का बड़ा बयान सामने आया है। मंत्री ने कहा कि दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा और पूरे मामले में सख्त कार्रवाई की जाएगी।
मंत्री ने पीड़ित बच्ची की जिम्मेदारी उठाने और भविष्य में उसका… pic.twitter.com/E3fwRfI8fj
— Rocket Post Bharat (@rocketpostindia) June 20, 2026
क्या था पूरा मामला?
अब से कुछ दिन पूर्व एक 66 साल के मुस्लिम व्यक्ति ने एक 9 साल की हिंदू बच्ची को बंधक बनाकर घर में कैद कर लिया और फिर दो दिन तक यह दरिंदा बच्ची की अस्मत लूटता रहा। इस घटना का एक वीडियो भी सामने आया जिसमे यह दरिंदा बच्ची को बेहोश कर के उसके साथ बेरहमी से दुष्कर्म कर रहा है।
यह वीडियो जैसे ही लोगों तक पहुंची, जिसने भी देखा, या घटना के बारे में सुना तो उसकी जुबान पर बस दरिंदे के एनकांटर की बात थी। हालांकि पुलिस ने इस अपराधी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
स्थानीय स्तर पर उठे थे दूसरे सवाल भी
घटना के बाद पीड़ित परिवार के घर के पीछे कथित अवैध निर्माण और सरकारी जमीन से जुड़े कुछ सवाल भी स्थानीय स्तर पर उठाए गए थे।
ग्रामीणों का दावा था कि सार्वजनिक रास्ते और जमीन को लेकर पहले भी आपत्तियां जताई गई थीं। हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि और प्रशासनिक जांच का इंतजार है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि जिस तरह से क्षेत्र में यह घटना हुई, और पीड़ित परिवार के घर के ठीक पीछे सरकारी स्कूल को जाने वाले रास्ते और वहां हुए अवैध मज़ार के निर्माण को लेकर विवाद की स्थिति बन गई है। ग्रामीणों का स्पष्ट कहना है कि हमने इस संबंध में विरोध किया लेकिन समाधान नहीं निकला। और हमें धमकी दी जातीं है। रॉकेट पोस्ट भारत के कैमरे में कैद तरवीरें और मौके के हालत को देखकर ऐसा लगता है कि मज़ार आनन्-फानन और जल्दवाजी में बनाई गई है।
पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई पर नजर
फिलहाल पूरे मामले पर प्रशासन और पुलिस की कार्रवाई पर लोगों की नजर बनी हुई है। मामले में जांच आगे बढ़ रही है और आने वाले दिनों में और जानकारी सामने आ सकती है।
नोट: मामले से जुड़े कुछ दावे और बयान राजनीतिक व्यक्तियों और स्थानीय लोगों के हैं। संबंधित बिंदुओं की आधिकारिक जांच और पुष्टि होना अभी बाकी है।