योगी आदित्यनाथ ने बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर को दी विनम्र श्रद्धांजलि, संविधान और समाज सशक्त बनाने का संकल्प
रॉकेट पोस्ट भारत | लखनऊ | 06 दिसंबर 2025
संविधान की चेतना, समाज की ताकत
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज संविधान शिल्पी, ‘भारत रत्न’, बोधिसत्व डॉ. भीमराव आंबेडकर के महापरिनिर्वाण दिवस पर उनकी प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर विनम्र श्रद्धांजलि दी।
यह केवल श्रद्धांजलि नहीं, बल्कि एक संदेश है पूरे समाज और प्रशासन के लिए— कि भारत के संविधान और लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत बनाना हर नागरिक की जिम्मेदारी है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि बाबा साहेब की शिक्षाओं से प्रेरणा लेकर ही सरकार ने सबका साथ, सबका विकास के दृष्टिकोण को साकार किया है।
इस दिशा में गरीब, वंचित, दलित, पिछड़े, महिला और युवा तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
मुख्यमंत्री का संदेश—डबल इंजन की सरकार और संविधान की गरिमा
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्पष्ट किया कि—
डबल इंजन की सरकार बाबा साहेब की शिक्षाओं से प्रेरित होकर समाज और राष्ट्र को सशक्त बनाएगी।
संविधान के मूल्यों और गौरव को हर स्तर पर पुनर्स्थापित किया जाएगा।
समाज के वंचित वर्ग, पिछड़े और महिलाओं को सरकारी योजनाओं का लाभ प्रभावी रूप से पहुँचाया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने यह भी आश्वस्त किया कि यह प्रयास निरंतर और ठोस रणनीति के साथ किया जाएगा ताकि उत्तर प्रदेश एक समृद्ध, समान और विकसित राज्य बने।
बाबा साहेब की शिक्षाएं और सरकारी योजनाओं का प्रभाव
बाबा साहेब ने हमेशा समानता, न्याय और स्वतंत्रता के सिद्धांतों पर जोर दिया।
आज की सरकार उनके विचारों को आत्मसात करते हुए लक्ष्यित कल्याणकारी योजनाएं चला रही है।
योजनाओं का उद्देश्य केवल सहायता देना नहीं, बल्कि सशक्त बनाना और आत्मनिर्भर बनाना है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इन कार्यक्रमों का लाभ प्रत्यक्ष और पारदर्शी तरीके से आम जनता तक पहुंचना चाहिए, ताकि देश के लोकतांत्रिक और संवैधानिक मूल्यों का सम्मान हर नागरिक तक महसूस हो।
जन-भागीदारी और स्मृति सम्मान
मुख्यमंत्री ने 25 करोड़ उत्तर प्रदेशवासियों की ओर से बाबा साहेब की स्मृतियों को कोटि-कोटि नमन किया।
उन्होंने कहा कि यह सिर्फ श्रद्धांजलि नहीं, बल्कि एक संकल्प है कि देश और समाज को न्याय, समानता और संवैधानिक मूल्यों के मार्ग पर आगे बढ़ाया जाएगा।
सरकार की मंशा—समान अवसर और सशक्त समाज
मुख्यमंत्री ने यह स्पष्ट किया कि—
गरीब, पिछड़े और महिलाओं तक योजनाओं का लाभ पहुँचाना प्राथमिकता है।
संविधान और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा और प्रचार करना सरकार की जिम्मेदारी है।
बाबा साहेब की शिक्षाओं से प्रेरित होकर, प्रदेश में हर नागरिक तक विकास और कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पहुँचाना सुनिश्चित किया जाएगा।
यह खबर इस बात का प्रतीक है कि शासन की मंशा केवल समारोह तक सीमित नहीं, बल्कि विकास, समानता और संवैधानिक सम्मान को हर नागरिक तक पहुँचाना है।
संविधान का सम्मान, समाज का सशक्तिकरण
योगी आदित्यनाथ द्वारा बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर को श्रद्धांजलि अर्पित करना केवल सांकेतिक नहीं, बल्कि व्यवहारिक संदेश है।
उत्तर प्रदेश सरकार का यह प्रयास दिखाता है कि—
“संविधान की रक्षा, समाज के वंचित वर्ग का उत्थान और योजनाओं की पारदर्शी पहुंच ही सच्चा सम्मान है।”
बाबा साहेब की शिक्षाओं से प्रेरणा लेकर सरकार यह सुनिश्चित कर रही है कि प्रदेश का हर नागरिक समान अवसर और सशक्त समाज का हिस्सा बने।