BJP Leader Murder: गोरखपुर में सुबह की शुरुआत एक खौफनाक वारदात से हुई। BJP नेता राजकुमार चौहान को घर से कुछ ही दूरी पर घेरकर बेरहमी से मार दिया गया। हमलावरों ने उन पर 20-25 बार चाकू से वार किए। हैरानी की बात ये है कि घायल हालत में भी वो करीब 100 मीटर तक भागे, लेकिन बदमाशों ने पीछा नहीं छोड़ा।
पूरा घटनाक्रम -:
सुबह का वक्त था। करीब 5 बजे, Gorakhpur के चिलुआताल इलाके में रहने वाले राजकुमार चौहान रोज की तरह घर से निकले। घरवालों के लिए ये एक आम सुबह थी—जैसी हर दिन होती थी।
उन्हें क्या पता था कि ये उनकी आखिरी वॉक होगी।
घर से करीब 500 मीटर दूर, सड़क लगभग खाली थी। तभी पीछे से 4 लोग आए। पहले उन्होंने राजकुमार को घेरा, फिर बिना कुछ कहे सीधे हमला कर दिया। चाकू के वार इतने तेजी से हुए कि संभलने का मौका ही नहीं मिला।
सिर, सीने और चेहरे पर लगातार वार किए गए।
पहले ही हमले में राजकुमार बुरी तरह घायल हो चुके थे, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। किसी तरह खुद को छुड़ाकर भागने लगे। करीब 100 मीटर तक वो दौड़े—शायद इस उम्मीद में कि कोई मिल जाए, कोई बचा ले।
लेकिन हमलावर पीछे ही थे।
उन्होंने दौड़कर फिर पकड़ लिया। इस बार हमला और भी बेरहमी से हुआ। चाकू के वार तब तक होते रहे, जब तक राजकुमार जमीन पर गिरकर बिल्कुल शांत नहीं हो गए।
बताया जाता है कि हमलावर वहीं कुछ देर तक खड़े रहे—जैसे उन्हें यकीन करना था कि अब कुछ बाकी नहीं बचा। फिर आराम से वहां से निकल गए।
करीब आधे घंटे बाद खबर घर तक पहुंची। परिवार वाले दौड़ते हुए मौके पर पहुंचे। उन्हें उठाकर अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने देखते ही मृत घोषित कर दिया।
पत्नी Sushila Devi जब मौके पर पहुंचीं, तो हालात देख खुद को संभाल नहीं पाईं। रोते-रोते वहीं बेहोश हो गईं।
धीरे-धीरे खबर पूरे इलाके में फैल गई। कुछ ही देर में सैकड़ों लोग इकट्ठा हो गए। गुस्सा साफ दिख रहा था। लोगों ने सड़क जाम कर दी—गोरखपुर-सोनौली रोड पर लंबी लाइन लग गई।
लोगों की मांग थी—जब तक आरोपी नहीं पकड़े जाते, जाम नहीं खुलेगा।
पुलिस पहुंची, समझाने की कोशिश हुई, लेकिन भीड़ पीछे हटने को तैयार नहीं थी। आखिरकार हालात काबू में करने के लिए पुलिस को सख्ती करनी पड़ी।
इधर पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। 10 लोगों के खिलाफ FIR हुई है, जिनमें 8 नामजद हैं। अब तक 7 लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
जांच में दो बातें सामने आ रही हैं—एक, प्रॉपर्टी को लेकर विवाद। दूसरा, पुरानी रंजिश या कोई निजी मामला।
राजकुमार चौहान इलाके में जाने-पहचाने चेहरे थे। राजनीति में एक्टिव थे और आने वाले समय में चुनाव लड़ने की तैयारी भी कर रहे थे।
लेकिन फिलहाल इन सब बातों से ज्यादा भारी है वो सुबह… जो एक आम दिन की तरह शुरू हुई थी, और एक हत्या की कहानी बनकर खत्म हो गई।
हत्या के पीछे क्या वजह? (2 बड़े एंगल)
प्रॉपर्टी विवाद
राजकुमार प्रॉपर्टी के काम से जुड़े थे। ऐसे में शक है कि किसी जमीन विवाद में सुपारी देकर हत्या कराई गई हो।
पर्सनल रंजिश / अफेयर
जिस तरह से चेहरे तक पर चाकू मारे गए, उससे यह भी शक है कि मामला निजी दुश्मनी या अफेयर से जुड़ा हो सकता है।
कौन थे राजकुमार चौहान?
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उम्र: 42 साल
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पारिवारिक स्थिति: पत्नी, 2 बेटियां, 1 बेटा
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2018-2023 तक पार्षद प्रतिनिधि
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2027 विधानसभा चुनाव लड़ने की तैयारी
उन्हें Radha Mohan Agarwal का करीबी माना जाता था।
मौत से पहले का आखिरी पोस्ट
हत्या से करीब 18 घंटे पहले उन्होंने फेसबुक पर लिखा था:
“अकेले चलने का हुनर रखता हूं, दिल और जिगर दोनों मजबूत रखता हूं।”
ये पोस्ट अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
राजनीति भी गरमाई
Akhilesh Yadav ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा:
“UP में लॉ एंड ऑर्डर को ही गोली मार दी गई है।”