Mayuree Naree: पश्चिम एशिया में बढ़ते सैन्य तनाव का असर अब वैश्विक समुद्री व्यापार पर भी दिखने लगा है। इसी बीच एक बड़ी घटना सामने आई है—गुजरात के कांडला पोर्ट की ओर जा रहा एक थाई कार्गो जहाज होर्मुज स्ट्रेट के पास हमले का शिकार हो गया, जिसके बाद जहाज में भीषण आग लग गई और समुद्र में अफरा-तफरी मच गई।
यह घटना ऐसे समय में हुई है जब पूरे पश्चिम एशिया में युद्ध जैसे हालात बने हुए हैं और अंतरराष्ट्रीय शिपिंग रूट्स पर सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ती जा रही है।
जहाज का नाम ‘Mayuree Naree’, भारत आ रहा था माल लेकर
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक हमला जिस जहाज पर हुआ उसका नाम ‘Mayuree Naree’ है। यह एक थाई-फ्लैग्ड बल्क कार्गो शिप है जो पश्चिम एशिया से सामान लेकर भारत के गुजरात स्थित कांडला पोर्ट की ओर जा रहा था।
बताया जा रहा है कि जब जहाज होर्मुज स्ट्रेट के पास अंतरराष्ट्रीय शिपिंग रूट से गुजर रहा था, तभी उस पर अचानक दो प्रोजेक्टाइल (संभवतः मिसाइल या ड्रोन) से हमला किया गया।
हमले के बाद जहाज के पिछले हिस्से में जोरदार धमाका हुआ और इंजन रूम में आग लग गई, जिससे जहाज से घना काला धुआं उठता दिखाई दिया।
20 क्रू मेंबर बचाए गए, 3 अभी भी लापता
थाईलैंड के अधिकारियों के अनुसार जहाज पर कुल 23 क्रू सदस्य सवार थे। हमले के बाद स्थिति बिगड़ते देख चालक दल ने तुरंत जहाज छोड़ने का फैसला किया।
रिपोर्ट के मुताबिक:
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20 नाविक लाइफबोट के जरिए जहाज से निकलने में सफल रहे
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बाद में ओमान की नौसेना ने उन्हें सुरक्षित रेस्क्यू कर लिया
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हालांकि तीन क्रू सदस्य अभी भी लापता बताए जा रहे हैं
बताया जा रहा है कि ये तीनों नाविक उस समय इंजन रूम के पास मौजूद थे, जहां हमला होने के बाद आग भड़क उठी।
समुद्र में शुरू हुआ बड़ा बचाव अभियान
हमले की सूचना मिलते ही आसपास मौजूद नौसैनिक बलों और समुद्री सुरक्षा एजेंसियों ने तुरंत रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया। ओमान की नौसेना और अन्य समुद्री एजेंसियों ने मिलकर क्रू मेंबर को सुरक्षित निकालने का काम किया।
इस बीच जहाज में लगी आग को काबू में करने और स्थिति का आकलन करने के लिए भी अभियान जारी है।
युद्ध के बीच निशाने पर व्यापारिक जहाज
विशेषज्ञों का मानना है कि यह हमला पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष से जुड़ा हो सकता है। हाल के दिनों में मिसाइल और ड्रोन हमलों की घटनाएं बढ़ गई हैं, जिससे अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्ग भी असुरक्षित होते जा रहे हैं।
पिछले कुछ दिनों में कई रिपोर्ट्स में यह भी सामने आया है कि व्यापारिक जहाजों को भी निशाना बनाया जा रहा है, जिससे वैश्विक व्यापार और ऊर्जा आपूर्ति को लेकर चिंता बढ़ गई है।
क्यों इतना महत्वपूर्ण है होर्मुज स्ट्रेट
होर्मुज स्ट्रेट दुनिया के सबसे संवेदनशील समुद्री मार्गों में से एक है। यह पर्शियन गल्फ और अरब सागर को जोड़ने वाला रणनीतिक जलमार्ग है।
इसकी अहमियत का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि:
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दुनिया के लगभग 20 प्रतिशत कच्चे तेल की सप्लाई इसी रास्ते से गुजरती है
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एशिया, यूरोप और मध्य-पूर्व के बीच होने वाला बड़ा समुद्री व्यापार भी इसी मार्ग से होता है
इसलिए यहां होने वाला कोई भी हमला पूरी दुनिया के ऊर्जा बाजार और शिपिंग सेक्टर को प्रभावित कर सकता है।
भारत के लिए भी चिंता की बात
भारत की बड़ी मात्रा में तेल और अन्य जरूरी सामान की आपूर्ति पश्चिम एशिया से समुद्री मार्ग के जरिए होती है। ऐसे में अगर इस क्षेत्र में जहाजों पर हमले बढ़ते हैं तो इसका सीधा असर भारत पर भी पड़ सकता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि अगर स्थिति और बिगड़ती है तो:
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अंतरराष्ट्रीय शिपिंग कंपनियां रूट बदल सकती हैं
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माल ढुलाई की लागत बढ़ सकती है
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तेल की कीमतों पर भी असर पड़ सकता है
बढ़ती अस्थिरता से वैश्विक चिंता
पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष अब धीरे-धीरे वैश्विक व्यापार, ऊर्जा सुरक्षा और समुद्री परिवहन को प्रभावित करने लगा है। होर्मुज स्ट्रेट जैसे संवेदनशील मार्ग पर इस तरह का हमला यह संकेत देता है कि आने वाले समय में अंतरराष्ट्रीय शिपिंग के सामने नई चुनौतियां खड़ी हो सकती हैं।
फिलहाल सुरक्षा एजेंसियां इस घटना की जांच कर रही हैं और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि हमले के पीछे कौन जिम्मेदार है।
I have started working as a crime reporter in 2011 for a daily local newspaper named ‘Khusro Mail’. I have also worked for many news organization such as Public Vibe app and Oneindia Hindi news portal. Now I am working as Editor In Chief for Rocket Post Bharat (rocketpostbharat.com).