UP News: संभल जिले में पुलिस के डॉग स्क्वॉड की शी-डॉग मैरी ने एक बार फिर अपनी तेज सूंघने की क्षमता से बड़ा खुलासा कर दिया है। 6 साल की बच्ची से दुष्कर्म के प्रयास के मामले में आरोपी तक पहुंचने में मैरी ने अहम भूमिका निभाई। उसकी इस उपलब्धि पर एसपी कृष्ण कुमार विश्नोई ने उसे 10 हजार रुपये का इनाम देने की अनोखी घोषणा की है।
गमछा बना सबसे बड़ा सुराग, मैरी ने बदल दी जांच की दिशा
यह पूरा मामला 18 जुलाई को बबराला थाना क्षेत्र के एक गांव का है, जहां 6 साल की बच्ची से दुष्कर्म के प्रयास की शिकायत दर्ज हुई थी। शुरुआती जांच में पुलिस और फॉरेंसिक टीम को घटनास्थल से एक गमछा मिला।
पुलिस ने आसपास के सीसीटीवी फुटेज और अन्य सुराग खंगाले, लेकिन कोई ठोस जानकारी नहीं मिल पा रही थी। इसी दौरान डॉग स्क्वॉड की शी-डॉग मैरी को मौके पर बुलाया गया।
गमछा सूंघते ही मैरी ने दिखाई सही दिशा
मैरी ने जैसे ही गमछा सूंघा, उसने तुरंत एक खास दिशा में चलना शुरू किया। कुछ दूरी पर जाकर उसने रुककर ऐसी गतिविधियां दिखाईं, जिससे डॉग हैंडलर को शक की पुष्टि मिल गई।
यहीं से जांच की दिशा बदल गई और पुलिस को गांव के ही संदीप (34) पर शक गहराने लगा।
मुठभेड़ में आरोपी गिरफ्तार, पुलिसकर्मी भी घायल
सोमवार तड़के पुलिस टीम ने ग्राम नगरिया काजी के पास आरोपी को घेर लिया। इसी दौरान मुठभेड़ हो गई। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में आरोपी संदीप के दाएं पैर में गोली लगी।
इस मुठभेड़ में एक सिपाही भी घायल हुआ है। दोनों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने मौके से आरोपी को दबोच लिया।
एसपी की अनोखी पहल, डॉग मैरी को मिलेगा 10 हजार का इनाम
संभल एसपी कृष्ण कुमार विश्नोई ने इस सफलता को देखते हुए डॉग स्क्वॉड की मैरी को 10 हजार रुपये का इनाम देने की घोषणा की है।
एसपी ने कहा कि मैरी ने जांच को सही दिशा दी और आरोपी तक पहुंचने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने यह भी बताया कि मैरी के लिए डीजी पदक की सिफारिश भी की जाएगी।
गोल्ड मेडलिस्ट डॉग है मैरी, कई केस सुलझा चुकी है
मैरी अपने बैच की गोल्ड मेडलिस्ट डॉग है और 2019 से संभल पुलिस के साथ काम कर रही है। इससे पहले भी वह चोरी और हत्या जैसे मामलों में सुराग देने में मदद कर चुकी है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, कुछ साल पहले बिलासपुर क्षेत्र में हुई एक हत्या के मामले में भी मैरी ने अहम भूमिका निभाई थी।
पुलिस टीम को मिला बड़ा सुराग, तेजी से सुलझा केस
एएसपी मनोज कुमार रावत, सीओ गुन्नौर अंकित मिश्रा और थाना प्रभारी नितेश सहरावत की टीम ने मैरी की मदद से जांच आगे बढ़ाई। गमछे से मिले सुराग के बाद आरोपी की पहचान सुनिश्चित हुई और अंततः मुठभेड़ में उसे पकड़ लिया गया।
डॉग स्क्वॉड की भूमिका फिर साबित हुई अहम
संभल की यह घटना एक बार फिर साबित करती है कि डॉग स्क्वॉड पुलिस जांच में कितना महत्वपूर्ण रोल निभाता है। मैरी की सूंघने की क्षमता ने न सिर्फ जांच को दिशा दी बल्कि आरोपी तक पहुंचने में निर्णायक भूमिका निभाई।
I have started working as a crime reporter in 2011 for a daily local newspaper named ‘Khusro Mail’. I have also worked for many news organization such as Public Vibe app and Oneindia Hindi news portal. Now I am working as Editor In Chief for Rocket Post Bharat (rocketpostbharat.com).